Dr. Manmohan Singh Clean Chit: निधन के बाद भी पूर्व PM डॉ मनमोहन सिंह पर चल रहा था इस चर्चित घोटाले का केस.. अब सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया बड़ा फैसला, पढ़ें आप भी..

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सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को तालाबीरा-II कोयला ब्लॉक आवंटन मामले में बड़ी राहत देते हुए उनके खिलाफ लंबित कार्यवाही समाप्त कर दी। अदालत ने विशेष न्यायाधीश के समन आदेश को रद्द करते हुए सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार कर ली।

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  • Publish Date - July 29, 2026 / 05:48 PM IST,
    Updated On - July 29, 2026 / 05:49 PM IST

Ex PM Dr. Manmohan Singh Clean Chit on coal block allocation case || Image- ANI News File

HIGHLIGHTS
  • सुप्रीम कोर्ट ने मनमोहन सिंह के खिलाफ कार्यवाही समाप्त की।
  • तालाबीरा कोयला ब्लॉक मामले में क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार हुई।
  • विशेष अदालत का समन आदेश सुप्रीम कोर्ट ने रद्द किया।

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को तालाबीरा-II कोयला ब्लॉक आवंटन मामले में बड़ी राहत देते हुए उनके खिलाफ चल रही कार्यवाही समाप्त कर दी है। (Ex PM Dr. Manmohan Singh Clean Chit on coal block allocation case) अदालत ने विशेष न्यायाधीश द्वारा जारी समन आदेश को रद्द करते हुए सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार कर ली।

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क्या है घोटाले से जुड़ा यह मामला

यह मामला ओडिशा के तालाबीरा-II कोयला ब्लॉक के कथित अनियमित आवंटन से जुड़ा था। यह आवंटन यूपीए सरकार के कार्यकाल में हुआ था, जब तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के पास ही कोयला मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार भी था। इस मामले में हिंदाल्को इंडस्ट्रीज को आवंटन को लेकर सवाल उठाए गए थे। मार्च 2015 में दिल्ली की एक विशेष अदालत ने सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट के बावजूद प्रथम दृष्टया साक्ष्य होने का हवाला देते हुए डॉ. मनमोहन सिंह, उद्योगपति कुमार मंगलम बिड़ला, पूर्व कोयला सचिव पी.सी. पारख समेत अन्य लोगों को आरोपी के रूप में तलब किया था।

अप्रैल 2015 में सुप्रीम कोर्ट ने लगाई थी आदेश पर रोक

इसके खिलाफ डॉ. मनमोहन सिंह ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था। उनका तर्क था कि जब जांच एजेंसी ने अभियोजन योग्य कोई मामला नहीं पाया, तब ट्रायल कोर्ट द्वारा संज्ञान लेना उचित नहीं था। अप्रैल 2015 में सुप्रीम कोर्ट ने समन आदेश पर रोक लगा दी थी, जिसके बाद उनके खिलाफ मुकदमे की कार्यवाही आगे नहीं बढ़ सकी। (Ex PM Dr. Manmohan Singh Clean Chit on coal block allocation case) यह अपील एक दशक से अधिक समय तक लंबित रही। दिसंबर 2024 में डॉ. मनमोहन सिंह के निधन के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले को निष्प्रभावी (Infructuous) मानते हुए समाप्त कर दिया और उनके खिलाफ लंबित कार्यवाही पर विराम लगा दिया।

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2024 में हुआ था पूर्व PM का निधन

गौरतलब है कि पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का 26 दिसंबर 2024 को 92 वर्ष की उम्र में निधन हो गया था। उनका अंतिम संस्कार नई दिल्ली में पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया गया था।

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तालाबीरा-II कोयला ब्लॉक मामला क्या था?

उत्तर: यह मामला ओडिशा के तालाबीरा-II कोयला ब्लॉक के कथित अनियमित आवंटन से जुड़ा था, जिसमें हिंदाल्को इंडस्ट्रीज को आवंटन पर सवाल उठाए गए थे।

सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में क्या फैसला दिया?

उत्तर: सुप्रीम कोर्ट ने विशेष अदालत के समन आदेश को रद्द करते हुए सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार की और पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के खिलाफ लंबित कार्यवाही समाप्त कर दी।

यह मामला सुप्रीम कोर्ट में क्यों लंबित था?

उत्तर: विशेष अदालत द्वारा 2015 में जारी समन आदेश को चुनौती देते हुए डॉ. मनमोहन सिंह सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे। दिसंबर 2024 में उनके निधन के बाद अदालत ने मामले को निष्प्रभावी मानते हुए समाप्त कर दिया।