किसान आंदोलन स्थल को संक्रमण मुक्त करने से लेकर प्रदर्शनकारियों को दे रहे काढ़ा

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किसान आंदोलन स्थल को संक्रमण मुक्त करने से लेकर प्रदर्शनकारियों को दे रहे काढ़ा

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  • Publish Date - May 11, 2021 / 09:04 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:55 PM IST

नयी दिल्ली, 11 मई (भाषा) केंद्र सरकार के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली के टीकरी और सिंघू बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे किसान जानलेवा कोरोना वायरस से बचाव के लिए संक्रमण मुक्त अभियान चला रहे हैं और लंगर के साथ रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करने वाला काढ़ा दे रहे हैं।

दिल्ली में सोमवार को कोरोना वायरस से 319 लोगों की मौत हुई थी और 12651 नए मामले आए थे तथा संक्रमण दर 19.10 प्रतिशत हो गई है।

भारतीय किसान यूनियन (एकता उगराहां) के रूप सिंह ने मंगलवार को कहा, “ हमने टीकरी बॉर्डर पर 17 किलोमीटर लंबे प्रदर्शन स्थल को संक्रमण मुक्त किया है। हम इसे आने वाले दिनों में फिर से संक्रमण मुक्त करेंगे। हम कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए सभी निवारक उपाय कर रहे हैं, जिसमें प्रदर्शनकारी किसानों को मास्क और सैनेटाइजर बांटना शामिल हैं।”

सिंह ने दावा किया कि कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में किसानों को सरकार से कोई समर्थन नहीं मिला है और टीकरी बॉर्डर पर वायरस के प्रसार को रोकने के लिए किए गए सभी उपाय उन्होंने खुद किए हैं।

हजारों किसान छह महीने से दिल्ली के सिंघू, टीकरी और गाज़ीपुर बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे हैं। उनमें अधिकतर पंजाब, हरियाणा व पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान शामिल हैं। उनकी मांग है कि केंद्र सरकार पिछले साल सितंबर में बनाए गए तीन कृषि कानूनों को निरस्त करे।

किसान नेता अभिमन्यु कोहर के मुताबिक, सिंघू बॉर्डर पर हर लंगर को नियमित रूप से संक्रमण मुक्त किया जा रहा है और प्रदर्शनकारी किसानों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए उन्हें रोज़ काढ़ा दिया जा रहा है।

आंदोलन की अगुवाई कर रहे संयुक्त किसान मोर्चा के कोहर ने कहा, “ नजदीक में टीकाकरण केंद्र है और जो टीकाकरण कराना चाहता है, वह टीका लगवाने के लिए स्वतंत्र है।”

उन्होंने कहा, “ हम अपनी तरफ से किसी से यह नहीं कह रहे हैं कि वे टीका लगवाएं या न लगवाएं। यह उनकी अपनी मर्जी है।”

भाषा नोमान शाहिद

शाहिद