जीबीए चुनाव दिसंबर तक होंगे: शिवकुमार

जीबीए चुनाव दिसंबर तक होंगे: शिवकुमार

जीबीए चुनाव दिसंबर तक होंगे: शिवकुमार
Modified Date: July 17, 2026 / 09:26 pm IST
Published Date: July 17, 2026 9:26 pm IST

नयी दिल्ली, 17 जुलाई (भाषा) उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने शुक्रवार को कहा कि राज्य सरकार ग्रेटर बेंगलुरु प्राधिकरण (जीबीए) के तहत गठित पांच नगर निगमों के चुनाव दिसंबर तक कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

उच्चतम न्यायालय ने जीबीए के चुनाव पहले 30 जून तक कराने का निर्देश दिया था। बाद में राज्य सरकार द्वारा प्रशासनिक कारणों का हवाला देते हुए अतिरिक्त समय मांगे जाने पर समयसीमा 31 अगस्त तक बढ़ा दी गई थी।

न्यायालय ने शुक्रवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया को देखते हुए इस समयसीमा को दिसंबर के अंत तक बढ़ा दिया।

शिवकुमार ने राष्ट्रीय राजधानी में संवाददाताओं से कहा, ‘हम दिसंबर तक सभी स्थानीय निकायों के चुनाव करा देंगे।’

उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य इस वर्ष के अंत तक जिला पंचायत, तालुक पंचायत, ग्राम पंचायत और नगर निगमों समेत सभी स्थानीय निकायों के चुनाव संपन्न कराना है।

ये चुनाव जीबीए व्यवस्था के तहत गठित पांच नगर निगमों के लिए होने हैं। इस नयी व्यवस्था ने बृहत बेंगलुरु महानगर पालिका (बीबीएमपी) की पुरानी प्रणाली का स्थान लिया है। इसके तहत शहर के 369 वार्डों को शामिल करते हुए पांच नगर निगमों के माध्यम से विकेंद्रीकृत प्रशासन की परिकल्पना की गई है।

ग्रेटर बेंगलुरु विकास मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने कहा कि एसआईआर प्रक्रिया पूरी होने से पहले चुनाव कराने से दोनों प्रक्रियाएं प्रभावित होंगी।

उन्होंने कहा कि आठ अगस्त तक दो अलग-अलग मतदाता सूची होने की संभावना है—एक पुरानी और दूसरी एसआईआर के बाद तैयार होने वाली। ऐसे में पुरानी सूची के आधार पर चुनाव कराने से करीब तीन लाख मतदाताओं का अंतर सामने आ सकता है, जिससे चुनाव प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल उठ सकते हैं।

गौड़ा ने कहा, ‘यह स्पष्ट है कि यदि एसआईआर के साथ-साथ चुनाव कराए गए तो न तो एसआईआर सही ढंग से होगा और न ही चुनाव। व्यावहारिक रूप से यह संभव नहीं है।’

उन्होंने कहा कि इस कानूनी जटिलता के अलावा चुनाव टालने के पीछे कोई राजनीतिक कारण नहीं है और सरकार चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार तथा प्रतिबद्ध है।

भाषा

राखी अविनाश

अविनाश

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