Singer Gaurang Vyas Passes Away: मशहूर गायक और संगीतकार का निधन, संगीत जगत में शोक की लहर, पीएम मोदी सहित कई नेताओं ने जताया दुख

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मशहूर गायक और संगीतकार का निधन, संगीत जगत में शोक की लहर, Gujrati Singer Gaurang Vyas Passes Away

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  • Publish Date - September 3, 2026 / 04:51 PM IST,
    Updated On - September 3, 2026 / 04:53 PM IST

अहमदाबाद। Singer Gaurang Vyas Passes Away गुजराती संगीत जगत के अनुभवी संगीतकार, गायक और कंपोजर गौरंग व्यास का निधन हो गया। वे 87 वर्ष के थे। बताया गया कि उन्होंने देर रात अहमदाबाद में अंतिम सांस ली। उनके निधन से गुजराती संगीत जगत में शोक की लहर है। संगीत के क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान को लंबे समय तक याद किया जाएगा। गौरंग व्यास प्रसिद्ध गुजराती संगीतकार और कंपोजर अविनाश व्यास के पुत्र थे। अविनाश व्यास ने गुजराती फिल्मों और संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया था। पिता की संगीत विरासत को आगे बढ़ाते हुए गौरंग व्यास ने भी गुजराती संगीत की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई।

पिता की संगीत परंपरा को आगे बढ़ाया

Singer Gaurang Vyas Passes Away गौरंग व्यास ने अपने पिता अविनाश व्यास से मिली संगीत की विरासत को आगे बढ़ाते हुए गुजराती संगीत को समृद्ध करने में योगदान दिया। उन्होंने गायन और संगीत रचना के क्षेत्र में काम किया और राज्य की संगीत परंपरा में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। उनके निधन की खबर सामने आने के बाद संगीत जगत से जुड़े लोगों और उनके प्रशंसकों में शोक है। कलाकारों और संगीत प्रेमियों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

पीएम मोदी ने जताया दुख

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी गौरंग व्यास के निधन पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा कि गुजराती संगीत जगत के मशहूर संगीतकार के निधन से उन्हें गहरा दुख हुआ है। प्रधानमंत्री ने कहा कि गौरंग व्यास ने अपने पिता अविनाश व्यास की संगीत परंपरा को आगे बढ़ाते हुए गुजराती संगीत के क्षेत्र में अपनी खास पहचान बनाई। उनके निधन से गुजरात ने एक प्रतिभाशाली रचनाकार को खो दिया है। गुजराती संगीत में उनके अमूल्य योगदान को हमेशा याद किया जाएगा। पीएम मोदी ने शोक संतप्त परिवार और बड़ी संख्या में मौजूद उनके प्रशंसकों के प्रति भी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए अपने संदेश का समापन ‘ओम शांति’ के साथ किया। गौरंग व्यास के निधन को गुजराती संगीत के एक महत्वपूर्ण अध्याय का अंत माना जा रहा है। उनके द्वारा छोड़ी गई संगीत विरासत आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनी रहेगी।