(तस्वीर के साथ)
नयी दिल्ली, 12 मई (भाषा) आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को कहा कि नीट परीक्षा रद्द होने से प्रभावित विद्यार्थियों को बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन करना होगा क्योंकि सरकार केवल आंदोलन की भाषा समझती है।
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने तीन मई को आयोजित मेडिकल प्रवेश परीक्षा ‘नीट-यूजी-2026’ को इसका प्रश्नपत्र लीक होने के आरोपों के मद्देनजर मंगलवार को रद्द करने की घोषणा की तथा सरकार ने सीबीआई को इन ‘अनियमितताओं’ की विस्तृत जांच करने का आदेश दिया।
केजरीवाल ने प्रश्नपत्र लीक में ‘राजनीतिक संरक्षण’ का आरोप लगाते हुए कहा कि पिछले नौ वर्ष में नीट का प्रश्नपत्र चार बार लीक हुआ और किसी भी आरोपी को सजा नहीं मिली है।
उन्होंने यहां प्रेसवार्ता में कहा, ‘‘नीट परीक्षा रद्द होने से प्रभावित सभी विद्यार्थियों के प्रति मेरी सहानुभूति है। मैं जानता हूं कि विद्यार्थी ऐसी परीक्षाओं के लिए कितनी मेहनत करते हैं। कोचिंग महंगी होती है और कई परिवार तो पैसे जुटाने के लिए अपने गहने तक गिरवी रख देते हैं।’’
प्रश्नपत्र लीक को विद्यार्थियों के साथ ‘सबसे बड़ा विश्वासघात’ करार देते हुए दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा, ‘‘जो लोग प्रश्नपत्र लीक को रोक नहीं सकते, वे सरकार कैसे चलाएंगे? यह पूरी तरह से मिलीभगत का मामला है।’’
उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्र अचानक लीक नहीं हुआ। उन्होंने बड़े अधिकारियों की मिलीभगत का आरोप लगाया और सरकार पर लाखों छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया।
आप सुप्रीमो ने कहा, ‘‘मैं विद्यार्थियों से कहना चाहता हूं कि उन्हें सड़कों पर उतरना होगा। यह सरकार केवल जन आंदोलन की भाषा समझती है… केजरीवाल आपके साथ है।’’
भाषा
राजकुमार अविनाश
अविनाश