नयी दिल्ली, एक अप्रैल (भाषा) सरकार ने बुधवार को राज्यसभा में बताया कि वर्ष 2023 में स्वापक औषधि और मनः प्रभावी पदार्थ अधिनियम (एनडीपीएस) के तहत सबसे अधिक मामले केरल में दर्ज किए गए, जबकि केंद्र शासित प्रदेशों में जम्मू और कश्मीर शीर्ष पर रहा।
गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।
राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों के अनुसार, 2023 में देशभर में एनडीपीएस अधिनियम के तहत कुल 1,20,010 मामले दर्ज किए गए।
राज्यों में केरल में सबसे अधिक 30,697 मामले दर्ज हुए। इसके बाद महाराष्ट्र में 15,610 और पंजाब में 11,589 मामले दर्ज किए गए। तमिलनाडु में 10,126 और उत्तर प्रदेश में 9,387 मामले दर्ज हुए।
केंद्र शासित प्रदेशों में जम्मू और कश्मीर में सबसे अधिक 2,232 मामले दर्ज किए गए। इसके बाद दिल्ली में 1,325 और पुडुचेरी में 148 मामले दर्ज हुए।
आंकड़ों के अनुसार, राज्यों में कुल 1,16,051 मामले दर्ज हुए, जबकि केंद्र शासित प्रदेशों में 3,959 मामले सामने आए।
राय ने बताया कि वर्ष 1985 का एनडीपीएस अधिनियम, जो मादक पदार्थों और मन:प्रभावी पदार्थों से संबंधित गतिविधियों को विनियमित करता है, में 2014 में संशोधन किया गया था और यह उसी वर्ष एक मई से पूरे देश में लागू है।
भाषा मनीषा माधव
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