बांदा बरेठा अभयारण्य क्षेत्र में हो सकेगा खनन, राम मंदिर निर्माण में भी काम आएगा पत्थर

बांदा बरेठा अभयारण्य क्षेत्र में हो सकेगा खनन, राम मंदिर निर्माण में भी काम आएगा पत्थर

बांदा बरेठा अभयारण्य क्षेत्र में हो सकेगा खनन, राम मंदिर निर्माण में भी काम आएगा पत्थर
Modified Date: November 29, 2022 / 08:33 pm IST
Published Date: February 3, 2021 10:52 am IST

जयपुर, तीन फरवरी (भाषा) मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता वाले राजस्थान वन्यजीव बोर्ड की स्थायी समिति ने भरतपुर के बांदा बरेठा अभयारण्य को विशेष बलुआ पत्थर के खनन के लिये निरूपित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के साथ साथ भवन निर्माताओं ने भी इस पत्थर की मांग की है।

मुख्य वन्यजीव संरक्षक मोहन मीणा ने पीटीआई-भाषा को बताया कि स्थायी समिति ने इसकी मंजूरी दे दी है और इस मामले को आगे बढाने के लिये राज्य वन्य जीव बोर्ड को विचारार्थ भेजा जायेगा और उसके बाद इसे स्वीकृति के लिये राष्ट्रीय बोर्ड को भेजा जायेगा।

भरतपुर के बंसी पहाड़पुर में खनन किए गये हजारों टन गुलाबी बलुआ पत्थर वर्षों से मंदिर निर्माण के लिये मंगाये गये। हालांकि इसकी और भी बहुत अधिक आवश्यकता है। इस बात की चिंता थी कि इस अनूठे गुलाबी रंग के पत्थर की आपूर्ति की कमी तो नहीं हो जायेगी। अब तक मंदिर निर्माण के लिए काफी मात्रा में यह पत्थर तराशा जा चुका है।

कहा जाता है कि धौलपुर के पत्थर का बांसी पहाड़पुर के पत्थर से कोई मेल नहीं है।

अधिकारियों ने इस बात से इंकार किया कि भरतपुर के बरेठा वन्यजीव अभ्यारण्य में बांसी पहाड़पुर ब्लॉक को निरूपित करने के पीछे राम मंदिर का कुछ विशेष संबंध है। जिला प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पूरे देशभर में इस पत्थर की अत्यधिक मांग है और यह प्रक्रिया इसलिये शुरू नहीं की गई है कि इसकी आवश्यकता राम मंदिर के लिये है।

उन्होंने कहा कि इलाके में बडे पैमाने पर अवैध खनन चल रहा है। वहां कोई जंगल नहीं बचा है और अगर इसे अभ्यारण्य से हटा दिया जाता है तो राज्य सरकार को किसी भी खनन से राजस्व मिलेगा। उल्लेखनीय है कि 2016 में खनन पर प्रतिबंध लगा दिया गया था लेकिन अवैध तरीके से संचालन जारी रहा और बांसी पहाड़पुर का बलुआ पत्थर (गुलाबी पत्थर) बाजार में बिकता रहा। भरतपुर प्रशासन द्वारा पिछले सितंबर में अवैध रूप से खनन किए गए गुलाबी बलुआ पत्थरों से लदे 25 ट्रकों को जब्त करने किया था।

भाषा कुंज पृथ्वी

राजकुमार

राजकुमार


लेखक के बारे में