गुरुग्राम (हरियाणा), 25 अप्रैल (भाषा) हरियाणा में गुरुग्राम के खेरकी दौला इलाके में अपने कार्यस्थल पर आग लगने से झुलसने के कारण एक गोदाम सुपरवाइजर की मौत हो गई। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि सुपरवाइजर का एक अस्पताल में इलाज चल रहा था।
उन्होंने कहा कि आग की घटना में झुलस गये एक अन्य कर्मी अस्पताल में भर्ती है।
सुपरवाइजर के पिता ने उसके बेटे की मौत की वजह बनने वाली घटनाओं के क्रम में साजिश और लापरवाही का आरोप लगाया है।
पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद सुपरवाइजर का शव परिवार को सौंप दिया गया है। उसने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
दिल्ली के उत्तम नगर के मदन चौहान का कहना है कि उनके बेटा लक्ष्य सिंह चौहान (31) खेरकी दौला क्षेत्र में स्थित एनएएसी गोदाम में सुपरवाइजर था।
मदन चौहान की शिकायत के अनुसार 21 अप्रैल को गोदाम में आग लग गई।
उन्होंने कहा कि उन्होंने शाम करीब छह बजे अपने बेटे के मोबाइल पर फोन किया, लेकिन वह बंद था।
शिकायतकर्ता के अनुसार जब उन्होंने लक्ष्य के सहकर्मी को फोन किया, तो उन्हें पता चला कि गोदाम में आग लगने पर झुलस जाने के कारण उनके बेटे को शाम चार बजे अस्पताल में भर्ती कराया गया ।
पुलिस ने बताया कि इस घटना में शिवम नामक एक अन्य कर्मचारी झुलस भी गया।
जब शिकायतकर्ता गुरुग्राम पहुंचे, तब तक उनके बेटे को दिल्ली के एम्स अस्पताल में भर्ती कराया जा चुका था, जहां शुक्रवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
सुपरवाइजर के पिता ने आरोप लगाया कि उनका बेटा एक साजिश का शिकार हुआ था । उन्होंने कहा कि गोदाम प्रबंधन या मालिक ने उन्हें उनके बेटे की जलने के बारे में सूचित नहीं किया ।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनके बेटे के प्राथमिक उपचार में लापरवाही बरती गयी।
शिकायत के अनुसार, मदन चौहान को संदेह है कि गोदाम में उचित अग्नि सुरक्षा उपायों की कमी के कारण आग लगी और उनके बेटे की मौत हुई।
जांच अधिकारी सहायक उपनिरीक्षक दिनेश कुमार ने कहा, “पोस्टमॉर्टम के बाद मृतक का शव उसके परिवार को सौंप दिया गया है। मामले की गहन जांच की जा रही है। जांच से जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
भाषा राजकुमार माधव
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