देश में ‘मॉडल स्टेट’ बनकर उभरा राजस्थान: गहलोत

देश में 'मॉडल स्टेट' बनकर उभरा राजस्थान: गहलोत

देश में ‘मॉडल स्टेट’ बनकर उभरा राजस्थान: गहलोत
Modified Date: February 18, 2023 / 06:29 pm IST
Published Date: February 18, 2023 6:29 pm IST

जयपुर, 18 फरवरी (भाषा) राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को कहा कि राजस्थान विकास के सभी पायदान पर तेजी से अग्रसर होता हुआ देश में ‘मॉडल स्टेट’ के रूप में उभरा है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार आदिवासी क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और उन्होंने अपने सालाना बजट में आदिवासी क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए कई महत्वपूर्ण सौगातें दी हैं।

गहलोत प्रतापगढ़ जिले के धरियावद विधानसभा क्षेत्र में राजकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने यहां करीब 11.74 करोड़ रुपये के तीन विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 59.68 करोड़ रुपये के 10 विकास कार्यों का शिलान्यास भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने आदिवासियों के कल्याण के लिए बजट में कोई कमी नहीं रखी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने बजट में सिंचाई क्षेत्र के मद में एक बड़ा हिस्सा मेवाड़ अंचल को दिया है क्योंकि यहां सिंचाई परियोजनाओं के लिए प्रबल संभावनाएं हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पंक्ति के आखिरी छोर पर खड़े व्यक्ति को केंद्र में रखकर योजनाएं बना रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अपने स्तर पर प्रतापगढ़ सहित राजसमंद व जालोर जिलों में मेडिकल कॉलेज भी खोलेगी।

एक बयान के अनुसार गहलोत ने कहा कि राज्य सरकार योजनाओं को जमीनी स्तर तक प्रभावी रूप से लागू कर रही है। उन्होंने कहा,‘‘ बजट 2023-24 में मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा की राशि 10 लाख से बढ़ाकर 25 लाख रुपये की गई है। साथ ही, मुख्यमंत्री चिरंजीवी दुर्घटना बीमा योजना में भी बीमा राशि 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये कर दी गई है।’’

उन्होंने कहा कि आमजन को महंगाई से राहत देने के लिए अब एक करोड़ एनएफएसए उपभोक्ताओं को निःशुल्क राशन के साथ प्रतिमाह मुख्यमंत्री निःशुल्क अन्नपूर्णा फूड पैकेट भी दिए जाएंगे। ‘‘इन फूड पैकेट में प्रति परिवार एक-एक किलो दाल, चीनी, मसाले तथा खाद्य तेल दिया जाएगा। घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 100 यूनिट प्रतिमाह निःशुल्क बिजली उपलब्ध करवाई जाएगी।’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि मानवीय दृष्टिकोण से पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) पुनः लागू की गई है जिससे कार्मिकों का भविष्य सुरक्षित होगा और उनकी चिंताएं दूर होंगी। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) लागू होने से प्रत्येक सरकारी कार्मिक का परिवार सुरक्षित महसूस कर रहा है। उन्होंने केन्द्र सरकार से अपील की है कि सरकारी कर्मियों के हितों का ध्यान रखते हुए वे भी ओपीएस को पुनः लागू करें।

समारोह में जल संसाधन विकास मंत्री महेन्द्रजीत सिंह मालवीय व सहकारिता मंत्री उदय लाल आंजना भी मौजूद थे।

भाषा पृथ्वी दिलीप माधव

माधव


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