तमिलनाडु उपचुनाव: टीएमसी, अन्नाद्रमुक ने कांग्रेस को किनारे करने की ठानी

तमिलनाडु उपचुनाव: टीएमसी, अन्नाद्रमुक ने कांग्रेस को किनारे करने की ठानी

तमिलनाडु उपचुनाव: टीएमसी, अन्नाद्रमुक ने कांग्रेस को किनारे करने की ठानी
Modified Date: January 21, 2023 / 06:00 pm IST
Published Date: January 21, 2023 6:00 pm IST

इरोड, 21 जनवरी (भाषा) तमिलनाडु की इरोड पूर्वी विधानसभा सीट पर 27 फरवरी को होने वाले उपचुनाव में दिलचस्प राजनीतिक स्थिति बनती नजर आ रही है। वर्ष 2021 के विधानसभा चुनाव में द्रमुक नीत गठबंधन के जीतने के बाद तमिलनाडु में यह पहला उपचुनाव होगा।

कांग्रेस के पूर्व नेता और तमिल मनीला कांग्रेस (टीएमसी) के संस्थापक जी के वासन अन्नाद्रमुक के समर्थन में चुनावी दौड़ से पीछे हट गए हैं जिससे भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए यह उलझन पैदा हो गई है कि या तो वह सहयोगी अन्नाद्रमुक का समर्थन करे या फिर अकेले लड़े।

वासन की पार्टी इस निर्वाचन क्षेत्र से 2021 के विधानसभा चुनाव में उपविजेता रही थी।

अन्नाद्रमुक के अंतरिम महासचिव के. पलानीस्वामी ने बृहस्पतिवार को वासन का समर्थन सुनिश्चित किया और उसी दिन भाजपा से संपर्क कर उपचुनाव में अपनी पार्टी के उम्मीदवार के लिए समर्थन मांगा।

इरोड लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मोदककुरिची विधानसभा क्षेत्र से जीतने वाली भाजपा अपनी चुनावी किस्मत को समृद्ध करने के लिए उत्सुक है और थिरुमहान एवरा की जगह भरने के लिए किसी मजबूत व्यक्ति को नामित करने के कांग्रेस के प्रयासों पर पानी फेरना चाहती है।

एवरा के आकस्मिक निधन से इस सीट पर उपचुनाव आवश्यक हो गया है।

भाजपा के पास अन्नाद्रमुक का समर्थन करने या अपने बल पर अकेले चुनाव लड़ने के अलावा बहुत कम विकल्प हैं।

गत 18 जनवरी को चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के तुरंत बाद भाजपा ने निर्वाचन क्षेत्र में चुनाव संबंधी कार्य करने के लिए एक चुनाव इकाई नामित की और संकेत दिया कि पार्टी इरोड पूर्वी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने की इच्छा रखती है।

भाजपा के एक नेता ने कहा, ‘हमारी पार्टी सदस्य सी सरस्वती मोदककुरिची से जीतीं और इससे द्रमुक गठबंधन को हराने के लिए हमारी पार्टी द्वारा किए गए जबरदस्त कार्य की झलक दिखी।’

यह स्वीकार करते हुए कि अन्नाद्रमुक के अंतरिम महासचिव पलानीस्वामी और टीएमसी नेता वासन दोनों ने उपचुनाव के बारे में फोन पर बात की, भाजपा के प्रदेश प्रमुख के. अन्नामलाई ने कहा, ‘मैंने अपने पार्टी आलाकमान को उनके विचारों से अवगत करा दिया है। मैं नयी दिल्ली से जवाब मिलने पर इस संबंध में कोई घोषणा करूंगा।’

उपचुनाव के लिए कांग्रेस एक-दो दिन में अपने उम्मीदवार की घोषणा कर सकती है।

इस बीच, अन्नाद्रमुक के नेता एवं तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री ओ पनीरसेल्वम ने इरोड पूर्वी विधानसभा क्षेत्र के लिए होने वाले उपचुनाव में अपना उम्मीदवार खड़ा करने की घोषणा की।

हालांकि, उन्होंने कहा कि अगर भाजपा इरोड पूर्वी सीट पर उपचुनाव लड़ना चाहती है, तो उनका धड़ा भाजपा उम्मीदवार को समर्थन देने के लिए तैयार है।

उल्लेखनीय है कि पनीरसेल्वम और पूर्व मुख्यमंत्री के. पलानीस्वामी के बीच पार्टी नेतृत्व को लेकर विवाद चल रहा है।

पनीरसेल्वम से चेन्नई में उनके आवास पर आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में सवाल किया गया कि उनकी इस घोषणा से क्या पार्टी सदस्यों एवं मतदाताओं के बीच भ्रम की स्थिति पैदा नहीं होगी, जिसके जवाब में उन्होंने कहा कि यह स्थिति पलानीस्वामी ने पैदा की है।

उन्होंने दावा किया कि पार्टी का दो पत्तियों का चुनाव चिह्न उनके पास है, क्योंकि भारत निर्वाचन आयोग अब भी उन्हें ही अन्नाद्रमुक के समन्वयक के रूप में मान्यता देता है।

पनीरसेल्वम ने एक अन्य प्रश्न के उत्तर में कहा कि यदि उनकी पार्टी का चिह्न बरकरार नहीं रखा जा सकता, तो उनकी पार्टी आयोग द्वारा आवंटित किसी भी चिह्न को स्वीकार कर लेगी।

उन्होंने कहा कि वह भाजपा जैसे मित्रवत दलों के संपर्क में हैं और अपनी पार्टी के उम्मीदवार के लिए उनसे समर्थन मांगेंगे।

भाषा नेत्रपाल पवनेश

पवनेश


लेखक के बारे में