उप्र : ‘डिजिटल अरेस्ट’ के नाम पर साइबर ठगी, सेवानिवृत्त अधिकारी से 18 लाख रुपये ठगे

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उप्र : ‘डिजिटल अरेस्ट’ के नाम पर साइबर ठगी, सेवानिवृत्त अधिकारी से 18 लाख रुपये ठगे

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  • Publish Date - April 12, 2026 / 09:45 PM IST,
    Updated On - April 12, 2026 / 09:45 PM IST

नोएडा, 12 अप्रैल (भाषा) उत्तर प्रदेश के नोएडा में साइबर अपराधियों ने ‘डिजिटल अरेस्ट’ और धनशोधन के झूठे आरोपों का भय दिखाकर रेलवे से सेवानिवृत्त एक अधिकारी से 18 लाख रुपये की ठगी कर ली। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी।

पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस उपायुक्त (साइबर अपराध) शैव्या गोयल ने बताया कि ग्रेटर नोएडा वेस्ट निवासी 69 वर्षीय तिरुमले नाम्बी ने रविवार को साइबर अपराध थाने में मामले की शिकायत दर्ज कराई।

उन्होंने बताया कि 12 मार्च को उनके मोबाइल पर अज्ञात व्यक्तियों का फोन आया, जिन्होंने खुद को मुंबई पुलिस की अपराध शाखा का अधिकारी बताया।

आरोपियों ने पीड़ित को बताया कि उनके आधार कार्ड का दुरुपयोग कर केनरा बैंक में खाता खोला गया है और उस खाते का एटीएम कार्ड एक कथित धनशोधन मामले में पकड़े गए व्यक्ति के यहां मिला है। इस आधार पर उन्होंने पीड़ित को जांच के नाम पर डराया-धमकाया।

पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पीड़ित को करीब तीन सप्ताह तक मानसिक दबाव में रखकर ‘डिजिटल अरेस्ट’ की स्थिति में बनाए रखा और विभिन्न बैंक खातों में जमा उनकी कुल 18 लाख रुपये की रकम अपने बताए खातों में ट्रांसफर करा ली। आरोपियों ने आश्वासन दिया था कि जांच के बाद यह राशि वापस कर दी जाएगी।

जब काफी समय बीतने के बाद भी रकम वापस नहीं मिली, तब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

डीसीपी ने बताया कि जिन बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर किए गए हैं, उनकी जांच की जा रही है और आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी।

भाषा

सं, रवि कांत रवि कांत