Supreme Leader Khamenei Funeral / Image Source : X
नई दिल्ली : Supreme Leader Khamenei Funeral ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन ने पूरे मध्य पूर्व की राजनीति को हिलाकर रख दिया है। 1 मार्च, 2026 को ईरानी सरकारी मीडिया ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की कि 86 वर्षीय खामेनेई अब नहीं रहे। उनकी मृत्यु के बाद ईरान में 40 दिनों के राजकीय शोक और सात दिनों के सार्वजनिक अवकाश की घोषणा की गई है। खामेनेई 1989 से ईरान के सर्वोच्च पद पर आसीन थे और उन्होंने तीन दशकों से अधिक समय तक देश की विचारधारा और सैन्य निर्णयों का नेतृत्व किया।
तेहरान के एंगेलब (क्रांति) स्क्वायर और पवित्र शहरों जैसे मशाद और कुम में हजारों की संख्या में ईरानी नेता, बुजुर्ग और आम नागरिक अपने नेता को श्रद्धांजलि देने के लिए एकत्रित हुए। राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान, मुख्य न्यायाधीश और रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के शीर्ष कमांडरों ने खामेनेई के पार्थिव शरीर पर पुष्पांजलि अर्पित की और उन्हें एक “महान शहीद” बताया। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और शोक सभाओं में “अमेरिका और इजरायल मुर्दाबाद” के नारे भी सुनाई दिए
आपको बता दें की शनिवार देर रात ईरान पर हुए संयुक्त हमलों ने मध्य पूर्व की सियासत को हिला कर रख दिया।Middle East Crisis मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इज़राइल और अमेरिका ने मिलकर ईरान के कई रणनीतिक ठिकानों पर समन्वित हमला किया। इन हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई और उनके परिवार के कई सदस्यों के मारे जाने की पुष्टि रविवार सुबह ईरान की ओर से की गई।
इन हमलों में ‘30’ का आंकड़ा खास तौर पर चर्चा में है। बताया जा रहा है कि शुरुआती हमले तीन प्रमुख शहरों में महज 30 सेकेंड के भीतर किए गए। कुल 30 ठिकानों को निशाना बनाया गया और लगभग 30 शीर्ष शासन नेताओं व सैन्य कमांडरों की मौत की खबर है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इस्तेमाल किए गए बमों का कुल वजन भी लगभग 30 टन बताया गया है।
🚨🇮🇷Iranian leaders and elders give their last respect to Supreme Leader Khamenei pic.twitter.com/KT4DHoxeWw
— JM NEWS NETWORK (@JMNewsNetwork_) March 1, 2026