भोपाल:Mohan Yadav Cabinet Decisions मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में आयोजित कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हो गई है। इस बैठक में प्रदेश के विकास और कुपोषण की स्थिति को सुधारने के लिए कई बड़े और ऐतिहासिक फैसलों पर मुहर लगाई गई है। सरकार ने न केवल प्रदेश के भविष्य यानी बच्चों की सेहत पर ध्यान दिया है, बल्कि रीवा संभाग के किसानों के लिए भी खुशियों का पिटारा खोल दिया है।
कैबिनेट बैठक में लिए गए सबसे महत्वपूर्ण फैसलों में पूरक पोषण आहार योजना में बदलाव शामिल है। प्रदेश में कुपोषण को जड़ से खत्म करने के लिए अति कम वजन के बच्चों के लिए दी जाने वाली राशि को 8 रुपये से बढ़ाकर अब 12 रुपये प्रति बच्चा प्रति माह कर दिया गया है। वहीं, विंध्य क्षेत्र के किसानों के लिए रीवा जिले की ‘महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना’ को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है।
कैबिनेट बैठक में लिए गए निर्णय इस प्रकार है:-
मध्यप्रदेश में स्टेट AI मिशन प्रारम्भ कर रहे है। 6940 करोड़ रु की परियोजनाओं,योजनाओं की निरंतरता को कैबिनेट की मंजूरी।
रीवा जिले की महाना माइक्रो सिंचाई परियोजना को कैबिनेट की मंजूरी।
दिव्यांग संस्थाओं में कार्यरत अतिथि शिक्षकों को 18 हजार रु मानदेय प्रति माह देने का फैसला,पहले 9 हजार रु प्रति माह मानदेय मिलता था।
पूरक पोषण आहार योजना के तहत अति कम वजन के बच्चों के लिए अब राशि 8 रु से बढ़ाकर 12 रु प्रति माह की गई है जिससे कुपोषण में कमी आएगी।
मध्यप्रदेश के कर्मचारियों को 1 जुलाई 2025 से 3% महंगाई भत्ता में वृद्धि अब 58% महंगाई भत्ता हुए।
पेंशनर्स को 1 जनवरी 2025 से महंगाई राहत में 3% वृद्धि का फैसला।
पेंशनर्स के लिए 1 जनवरी 2025 से 31 मार्च 2026 तक एरियर्स की राशि एकमुश्त मिलेगी।