Reported By: Nasir Gouri
,Gwalior Looteri Dulhan| Source : File Photo
ग्वालियर: फिल्म ‘डॉली की डोली’ जिसमें अभिनेत्री सोनम कपूर शादी का सौदा करती हैं। शादी का नाटक कर विदाई की रात ही गहने, रुपये लेकर फरार हो जाती हैं। ग्वालियर में भी ‘डॉली’ ने ही ऐसा ही कांड किया। बिल्डर महेश पाराशर के बेटे अस्मित पाराशर के साथ शादी के बदले में दो लाख रुपये ठगने के मामले में कोतवाली पुलिस ने लुटेरी दुल्हन (Gwalior Looteri Dulhan) को भी पकड़ लिया है। इसका असली नाम भी डॉली वर्मा ही है। पुलिस को अब तक लुटेरी गैंग के तीन ठगी के मामले समाने मिले है।
Gwalior News दरअसल, गुरुवार देर शाम ग्वालियर में एक वीडियो बहुत तेजी से वायरल हुआ था। जिसमें एक कार सवार के सामने एक्टिवा गाड़ी आती। गाड़ी से दो लोग उतरते हैं और गाड़ी की कांच तोड़कर जबरन युवती को उताकर अपनी एक्टिवा गाड़ी में बैठाकर फरार हो जाते हैं। मामला शुरुआती दौर में अपहरण से जुड़ा लग रहा था। पुलिस भी चक्कर घिन्नी हो गई। लेकिन देर रात जब पुलिस की जांच शुरू हुई, तो बड़ा खुलासा हुआ।
एक नहीं, दो नहीं बल्कि गैंग तीन लोगों को शादी का झांसा देकर अपना निशाना बना चुकी है। इस मामले में पुलिस ने बिचौलिये बंटी धाकड़, हीरा ठाकुर, शिवानी ठाकुर ओर पूनम को पकड़ा था। भितरवार का रहने वाला बंटी उर्फ विजय कुशवाहा फरार था। वह लुटेरी दुल्हन पूनम गौर को लेकर फरार हो गया था। उसे भी गिरफ्तार कर लिया। जब पुलिस ने पूछताछ की तो कहानी खुली। उसका असली नाम पूनम नहीं बल्कि डॉली वर्मा निकला। पुलिस ने इन पर एफआइआर दर्ज की। आरोपियों को पुलिस दाल बाजार लेकर पहुंची। यहां पुलिस ने जुलूस भी निकाला।
ग्वालियर की कोतवाली थाना पुलिस गैंग के 4 सदस्यों को कोर्ट में पेश करके रिमांड मांग रही है। अब तक पूछताछ में जो बात समाने आयी है। ग्वालियर में इस गैंग पहला ठगी का मामला है, दूसरा मामला श्योपुर ओर राजस्थान में भी ठगी कर चुके हैं। फिलहाल पुलिस लगातार पूछताछ में जुटी हुई है। उसका मानना है, ये गिरोह अंतर्राजीय है, ग्वालियर में चूंकि दुल्हन ने अपहरण की कहानी शहरी इलाके में रच दी, इसलिए फंस गए। लेकिन कई पीड़ित है, जो बदनामी के डर से इस तरह वारदात को उजागर नही करते है।