Indore Betting Scandal: इस जिले में हाईटेक सट्टा का खुलासा, IPL मैचों में लगाते थे करोड़ों का दांव, अंतरराज्यीय नेटवर्क को पुलिस ने ऐसे किया ध्वस्त

Indore Betting Scandal: इस जिले में हाईटेक सट्टा का खुलासा, IPL मैचों में लगाते थे करोड़ों का दांव, अंतरराज्यीय नेटवर्क को पुलिस ने ऐसे किया ध्वस्त

Indore Betting Scandal: इस जिले में हाईटेक सट्टा का खुलासा, IPL मैचों में लगाते थे करोड़ों का दांव, अंतरराज्यीय नेटवर्क को पुलिस ने ऐसे किया ध्वस्त

Indore betting scandal/Photo Credit: IBC24

Modified Date: May 6, 2026 / 03:56 pm IST
Published Date: May 6, 2026 3:41 pm IST
HIGHLIGHTS
  • इंदौर में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के बड़े हाईटेक रैकेट का भंडाफोड़
  • 7 आरोपी गिरफ्तार, करोड़ों के अवैध ट्रांजैक्शन का खुलासा
  • दिल्ली, मुंबई और दुबई तक जुड़े नेटवर्क के तार

 

Indore Betting Scandal: इंदौर क्राइम ब्रांच ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के बड़े हाईटेक रैकेट का पर्दाफाश किया है, इस कार्रवाई में सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जो सर्वर बेस्ड सिस्टम के जरिए लंबे समय से सट्टेबाजी का अवैध कारोबार चला रहे थे, पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से नकदी, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और बड़े पैमाने पर डिजिटल रिकॉर्ड जब्त किए हैं, शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये के अवैध लेनदेन के सबूत सामने आए हैं।

दरअसल इंदौर (Indore Betting Scandal) क्राइम ब्रांच की कार्रवाई में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे का एक संगठित और हाईटेक नेटवर्क सामने आया है, जिसमें दिल्ली और मुंबई बेस्ड डायमंड सर्वर के जरिए ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम संचालित किया जा रहा था, इस नेटवर्क के माध्यम से बड़े स्तर पर सट्टेबाजी का कारोबार किया जा रहा था। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के ठिकानों से एक लाख चालीस हजार रुपये नकद, तीन लैपटॉप, 39 मोबाइल फोन और सट्टे से जुड़े महत्वपूर्ण डिजिटल रिकॉर्ड जब्त किए हैं, साथ ही कई आईडी, बैंक स्टेटमेंट और लेनदेन से जुड़े दस्तावेज भी बरामद हुए हैं, जिनमें करोड़ों रुपये के अवैध ट्रांजैक्शन के सबूत मिले हैं।

क्राइम ब्रांच के अनुसार आरोपी बैंक खातों के जरिए अवैध लेनदेन संचालित करते थे और सट्टेबाजी (Indore Betting Scandal) के लिए विशेष सर्वर और सॉफ्टवेयर का उपयोग करते थे, गिरफ्तार आरोपियों में शशांक अग्रवाल, मुकेश गुप्ता, निखिल कौशल, शुभम कौशल, जतिन शर्मा, अर्पित तिवारी और प्रियांश जैन शामिल हैं, जो शिवपुरी और गुना क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है और इस मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है, आने वाले समय में और बड़ी गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई जा रही है। वही इस नेटवर्क के तार दिल्ली के साथ साथ दुबई से भी जुड़े है।

 

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सवाल आपका है... 9 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. पिछले 7 सालों से डिजिटल मीडिया से जुड़े हुए हैं और कई मीडिया संस्थानों में अपना योगदान दिया है. इन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर की डिग्री ली है.