मुंबई, 12 अगस्त (भाषा) महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने बुधवार को कहा कि सरकार गैर-मराठी टैक्सी और ऑटो-रिक्शा चालकों को मराठी सीखने के लिए दी गई 15 अगस्त की समयसीमा को आगे नहीं बढ़ाएगी।
सरनाईक ने ‘पीटीआई-वीडियो’ से कहा, ‘‘मराठी महाराष्ट्र की भाषा है और यहां सार्वजनिक परिवहन सेवाएं प्रदान करने वाले चालकों को मराठी का बुनियादी व्यावहारिक ज्ञान होना चाहिए। उन्हें मराठी सीखने के लिए पर्याप्त समय दिया गया है। 15 अगस्त से महाराष्ट्र में टैक्सी और ऑटो-रिक्शा चालकों के लिए कामकाज लायक मराठी का ज्ञान अनिवार्य होगा।’’
उन्होंने बताया कि 17 अगस्त को उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे सरकार द्वारा आयोजित मराठी प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरा करने वाले सैकड़ों ऑटो-रिक्शा चालकों को प्रमाणपत्र प्रदान करेंगे।
सरनाईक ने कहा, ‘‘समयसीमा को अब और बढ़ाने की जरूरत नहीं है। नए नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। हम चालकों से मराठी का विशेषज्ञ बनने के लिए नहीं कह रहे हैं, उन्हें केवल यात्रियों से संवाद करने के लिए पर्याप्त व्यावहारिक ज्ञान होना चाहिए।’’
उन्होंने बताया कि एक लाख से अधिक चालक पहले ही तीन महीने का व्यावहारिक मराठी प्रशिक्षण पूरा कर चुके हैं। यह दर्शाता है कि चालकों ने स्थानीय भाषा सीखने के महत्व को समझा है और वे सरकार के साथ सहयोग कर रहे हैं।
मंत्री ने यह भी बताया कि आगामी त्योहारों के मौसम को देखते हुए महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम सितंबर से कोंकण मार्गों पर 5,220 अतिरिक्त बसें चलाएगा।
भाषा आनन्द पवनेश
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