सरकार तीन दिन में सूखे से निपटने को लेकर पहली अधिसूचना जारी करेगी : फडणवीस

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सरकार तीन दिन में सूखे से निपटने को लेकर पहली अधिसूचना जारी करेगी : फडणवीस

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  • Publish Date - September 22, 2026 / 05:28 PM IST,
    Updated On - September 22, 2026 / 05:28 PM IST

मुंबई, 22 सितंबर (भाषा) महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कहा कि सूखा प्रबंधन से संबंधित पहली अधिसूचना तीन दिन में जारी की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को सहायता देना शुरू करेगी और इसके साथ ही केंद्र से वित्तीय सहायता मांगी जाएगी।

मुख्यमंत्री ने मुंबई में मंत्रिमंडल की बैठक की अध्यक्षता करने के बाद संवाददाताओं से कहा, “सिर्फ सूखा घोषित करना पर्याप्त नहीं है। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि सूखा प्रबंधन से जुड़े उपाय लागू किए जाएं। पहली अधिसूचना तीन दिन में जारी की जाएगी।”

महाराष्ट्र के कई हिस्सों, खासकर मराठवाड़ा और विदर्भ में कमजोर मानसून के कारण सूखे जैसी स्थिति बनी हुई है।

विपक्ष ने सरकार से तत्काल सूखा घोषित करने और राहत उपाय शुरू करने की मांग की है।

फडणवीस ने दोहराया कि कम बारिश के कारण संकट का सामना कर रहे किसानों को राहत देने के लिए राज्य सरकार केंद्र से वित्तीय सहायता मिलने का इंतजार नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) के नियमों के अनुसार केंद्र से सहायता मांगने का प्रस्ताव अलग से तैयार किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि मंत्री और विधायक प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर स्थिति का जायजा लेंगे और किसानों से बातचीत करेंगे।

उन्होंने कहा, “राज्य ने पहले ही राहत उपाय शुरू कर दिए हैं, जबकि केंद्र से सहायता मांगने की औपचारिक प्रक्रिया भी साथ-साथ जारी रहेगी।”

फडणवीस ने कहा कि सूखे या अत्यधिक बारिश के दौरान केंद्र से सहायता अक्सर देर से मिलती है, क्योंकि एक प्रक्रिया का पालन करना होता है।

फडणवीस ने कहा, “यह प्रक्रिया संसद द्वारा पारित कानून के तहत निर्धारित की गई है और इसमें कुछ समय-सीमा तय की गई है। हम सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करके प्रस्ताव भेजेंगे, लेकिन हम उस सहायता का इंतजार नहीं करेंगे। हमें जो भी सहायता देनी होगी, हम उसे जारी रखेंगे।”

उन्होंने कहा कि मंत्री और विधायक किसानों से बातचीत करेंगे, जहां किसान अपनी शिकायतें और विचार रख सकेंगे।

उन्होंने कहा, “हम केंद्र से पैकेज और वित्तीय सहायता मांगेंगे। हम अलग से एक प्रस्ताव तैयार करना शुरू करेंगे।”

भाषा तान्या नरेश

नरेश