(PMRC 2026/ Image Credit: AI-generated)
नई दिल्ली: PMRC 2026: शिक्षा मंत्रालय ने वैज्ञानिकों और शोधार्थियों के लिए Prime Minister Research Chair Scheme (PMRC) 2026 की शुरुआत की है। इस योजना के तहत भारतीय मूल के वैज्ञानिकों और रिसर्च प्रोफेशनल्स को देश के प्रमुख उच्च शिक्षा और शोध संस्थानों में काम करने का अवसर मिलेगा। आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और इच्छुक उम्मीदवार 15 जुलाई 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
इस फेलोशिप का उद्देश्य भारत और विदेशों में कार्यरत भारतीय मूल के वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं को देश में रिसर्च के लिए प्रोत्साहित करना है। सरकार चाहती है कि प्रतिभाशाली रिसर्चर भारत के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों और शोध संस्थानों में आकर अपने अनुभव का उपयोग करें। इससे देश के रिसर्च और इनोवेशन सेक्टर को मजबूती मिलेगी और नई तकनीकों के विकास में मदद मिलेगी।
इस योजना के लिए भारतीय मूल के वैज्ञानिक, शोधकर्ता और प्रोफेशनल आवेदन कर सकते हैं जो विदेशों में प्रतिष्ठित संस्थानों या संगठनों में कार्यरत हैं। आवेदनकर्ताओं को अनुभव के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया है। यंग रिसर्चर फेलो के लिए पीएचडी के बाद 5 साल से कम अनुभव वाले उम्मीदवार पात्र हैं। सीनियर फेलो के लिए 5 से 10 साल तक का अनुभव रखने वाले और रिसर्च चेयर कैटेगरी के लिए 10 साल से अधिक अनुभव वाले उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं।
चयनित शोधार्थियों को भारत के प्रमुख संस्थानों में रिसर्च करने का मौका दिया जाएगा। इनमें NIRF रैंकिंग के टॉप 100 सरकारी उच्च शिक्षण संस्थान, टॉप 100 इंजीनियरिंग संस्थान और टॉप 50 रिसर्च संस्थान शामिल हैं। इसके अलावा DST, CSIR, ICAR और ICMR जैसे प्रमुख सरकारी शोध संगठन भी इस योजना के अंतर्गत अवसर प्रदान करेंगे।
इच्छुक उम्मीदवारों को आवेदन करने के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। होमपेज पर ‘Apply Now‘ विकल्प पर क्लिक करके फेलो या होस्ट कैटेगरी चुननी होगी। इसके बाद व्यक्तिगत और शैक्षणिक जानकारी भरकर आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। फॉर्म जमा करने के बाद उसका प्रिंटआउट सुरक्षित रखना जरूरी है। यह योजना 15 जुलाई 2026 तक आवेदन के लिए खुली रहेगी।