नयी दिल्ली, 20 मई (भाषा) ईस्ट बंगाल समेत सात इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) क्लबों को 2026-27 सत्र के लिए शर्तों के साथ एआईएफएफ क्लब लाइसेंसिंग प्रीमियर 1 लाइसेंस दिया गया है जबकि मोहन बागान सुपर जायंट और केरल ब्लास्टर्स एफसी समेत कई शीर्ष टीमों के आवेदन खारिज कर दिए गए हैं।
ये फैसले अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) की क्लब लाइसेंसिंग समिति (सीएलसी एफआईबी – फर्स्ट इंस्टांस बॉडी) द्वारा 17 मई को हुई अपनी बैठक के दौरान लिए गए।
जिन क्लबों को शर्तों के साथ लाइसेंस दिए गए हैं उनमें नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी, ईस्ट बंगाल एफसी, जमशेदपुर एफसी, मुंबई सिटी एफसी, बेंगलुरु एफसी, एफसी गोवा और पंजाब एफसी शामिल हैं।
स्पोर्टिंग क्लब दिल्ली, ओडिशा एफसी, मोहन बागान सुपर जायंट, चेन्नईयिन एफसी, केरल ब्लास्टर्स एफसी, मोहम्मडन स्पोर्टिंग क्लब और इंटर काशी के आवेदन खारिज कर दिए गए।
एआईएफएफ की एक विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘‘जिन क्लबों के आवेदन खारिज कर दिए गए हैं, उनके पास लागू लाइसेंसिंग नियमों के अनुसार, या तो इस फैसले के खिलाफ अपील करने या राष्ट्रीय क्लब प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए छूट का अनुरोध करने का अधिकार है। ’’
एआईएफएफ की क्लब लाइसेंसिंग प्रणाली एक वार्षिक प्रक्रिया है जिसके तहत क्लब हर सत्र में एएफसी और राष्ट्रीय क्लब प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए आवश्यक लाइसेंस प्राप्त करते हैं।
इन लाइसेंस को इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) क्लबों के लिए प्रीमियर 1 और इंडियन फुटबॉल लीग क्लबों के लिए ‘प्रीमियर 2’ श्रेणियों में बांटा गया है।
भाषा नमिता सुधीर
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