कोरिया जिले के हरचोका गांव से निकली है मवई नदी और इसी नदी के दो किनारों पर लगता है यह बाजार । हर गुरुवार को लगने वाले इस साप्ताहिक बाजार को वैसे तो हरचोका बाजार के नाम से जाना जाता है लेकिन बाजार का एक हिस्सा ही हरचोका गांव में लगता है जबकि दूसरा हिस्सा नदी के दूसरी ओर मध्यप्रदेश के सीधी जिले के हरदी नामक गांव में । दरअसल मवई नदी कोरिया और सीधी जिले की सीमा में है । नदी के एक ओर हरचोका गांव है जहाँ उप स्वास्थ केंद्र स्तिथ है जिसके पास में ही दुकाने लगती है। जबकि दूसरी ओर सीधी जिले का हरदी नामक गांव है । इस गांव की जनसंख्या एक हजार से अधिक है। ऐसे में गुरुवार को लगने वाला साप्ताहिक बाजार इस ओर भरता है । इस बाजार में दूर दूर से व्यापारी व्यापार करने आते है । जिनका कहना है कि उन्होंने अभी तक दो प्रदेशो को जोड़कर रखने वाला बाजार नही देखा ।
बारिश के मौसम में भी यह बाजार उसी तरह लगता है जैसे सामान्य दिनों में भरता है। कुछ व्यापारी तो नदी की रेत में दुकान लगाकर सब्जी बेचते है। यहाँ कोरिया जिले के जनकपुर और सीधी जिले के मझोली ब्यौहारी और गोहपारू आदि कई जगहों के दुकानदार दुकान लगाते है जो अपने अपने साधनो से यहां पहुँचते है। बाजार तक ग्रामीणों के आने जाने के लिए कई तरह के साधन भी चलते है। ग्रामीण एक ओर से दूसरी तरफ नदी पार करके जाते है । सालो से यह बाजार लग रहा है लेकिन दोनों ही जिलो के बीच किसी तरह का कोई तनाव नही हुआ है । दोनों ही जिले के लोग एक दूसरी तरफ आते जाते है और हर तरह के सामान की खरीदी करते है। लोगो का कहना है कि इस तरह का बाजार देखने को नही मिलता ।