(HDFC Bank Q1 Updates/ Image Credit: AI-generated)
नई दिल्ली: HDFC Bank Q1 Updates: देश के सबसे बड़े निजी बैंकों में शामिल HDFC Bank ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तमाही (अप्रैल-जून) का बिजनेस अपडेट जारी कर दिया है। बैंक के अनुसार, 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही में डिपॉजिट और लोन दोनों में शानदार दोहरे अंकों की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इन मजबूत आंकड़ों के बाद निवेशकों की नजर अब सोमवार को शेयर बाजार में बैंक के प्रदर्शन पर रहेगी।
बैंक की रिपोर्ट के अनुसार, जून 2026 के अंत तक कुल ग्रॉस एडवांस करीब ₹30,610 बिलियन पहुंच गया। यह पिछले साल की समान अवधि के ₹26,532 बिलियन की तुलना में 15.4% अधिक है। वहीं बैंक का औसत एडवांस अंडर मैनेजमेंट भी बढ़कर ₹30,386 बिलियन हो गया। जिसमें सालाना आधार पर 10.8% की वृद्धि दर्ज की गई। इससे साफ है कि बैंक का लोन कारोबार लगातार मजबूत हो रहा है।
HDFC Bank का कुल डिपॉजिट 30 जून 2026 तक बढ़कर ₹31,705 बिलियन हो गया जो पिछले वर्ष की तुलना में 14.7% ज्यादा है। बैंक के लिए महत्वपूर्ण माने जाने वाले करंट और सेविंग अकाउंट(CASA) डिपॉजिट में भी 9.4% की बढ़ोतरी हुई और यह ₹10,255 बिलियन तक पहुंच गया। इसके अलावा फिक्स्ड डिपॉजिट में 17.4% की मजबूत वृद्धि दर्ज की गई। जो ग्राहकों के बढ़ते भरोसे को दर्शाती है।
| विवरण | आंकड़े |
| शेयर का भाव | ₹ 801.50 |
| आज का बदलाव | +₹5.60 (+0.70%) |
| 11:40 AM का भाव | ₹ 803.60 |
| ओपन प्राइस | ₹ 803.00 |
| दिन का उच्च स्तर (High) | ₹ 807.00 |
| दिन का निचला स्तर (Low) | ₹ 798.55 |
| मार्केट कैप | ₹6.14 लाख करोड़ |
| P/E रेशियो | 16.26 |
| 52 सप्ताह का उच्च स्तर | ₹ 1,020.50 |
| 52 सप्ताह का निचला स्तर | ₹ 726.65 |
| डिविडेंड यील्ड | 1.62% |
| तिमाही डिविडेंड | ₹ 3.25 |
बैंक के मजबूत बिजनेस अपडेट के बाद बाजार में यह चर्चा तेज हो गई है कि सोमवार को HDFC Bank के शेयरों में अच्छी हलचल देखने को मिल सकती है। डिपॉजिट, लोन और CASA में लगातार बढ़ोतरी बैंक की मजबूत वित्तीय स्थिति का संकेत देती है। हालांकि शेयर बाजार की चाल कई अन्य घरेलू और वैश्विक कारकों पर भी निर्भर करती है। इसलिए निवेशकों को किसी भी निवेश निर्णय से पहले सभी पहलुओं पर ध्यान देना चाहिए।
नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।