(Stock Market 22 April 2026/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: Stock Market 22 April 2026 in India: कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर के करीब पहुंचने से भारतीय बाजारों के लिए माहौल थोड़ा कमजोर दिखाई दे रहा है। गिफ्ट निफ्टी में करीब 140-175 अंकों की गिरावट दिखी, जिससे यह संकेत मिल रहे हैं कि बाजार की शुरुआत नरमी में हो सकती है। हालांकि डाओ फ्यूचर्स में 200 अंकों से ज्यादा की उछाल देखने को मिली। लेकिन अमेरिकी बाजार पहले ही करीब आधा प्रतिशत गिरकर बंद हुए थे, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई है।
मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच तेल की कीमतों में अस्थिरता बनी हुई है। एशियाई बाजारों की शुरुआत में कीमतें बढ़ीं लेकिन बाद में नरमी आ गई। ब्रेंट क्रूड करीब 98 डॉलर प्रति बैरल के करीब और WTI लगभग 89 डॉलर के पास ट्रेड करता नजर आया। इससे पहले दोनों बेंचमार्क में लगभग 3% की तेजी आई थी। निवेशक अब अमेरिका-ईरान के बीच संभावित शांति वार्ता पर नजर बनाए हुए हैं।
इस बीच डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सीजफायर को अनिश्चितकाल तक बढ़ाने की बात कही है। उन्होंने संकेत दिया कि जब तक बातचीत जारी रहेगी तब तक हमले नहीं किए जाएंगे। हालांकि स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज की नाकेबंदी जारी रहने की बात भी कही गई है। इस बयान के बाद बाजार में अनिश्चितता और बढ़ गई। क्योंकि निवेशक आगे की रणनीति को लेकर सतर्क हैं।
एशिया के प्रमुख बाजारों में दबाव देखने को मिला। कोस्पी, हैंग सेंग और स्ट्रेट्स टाइम्स जैसे इंडेक्स गिरावट के साथ ट्रेड करते नजर आए। MSCI एशिया पैसिफिक इंडेक्स भी लगभग 0.3% नीचे रहा। मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता के कारण निवेशक जोखिम लेने से बचते नजर आ रहे हैं।
वॉल स्ट्रीट पर भी दबाव देखने को मिला। शुरुआती बढ़त के बावजूद अमेरिकी बाजार गिरावट के साथ बंद हुए। डॉओ जोन्स, S&P 500 और नैस्डैक तीनों में करीब 0.6% तक की गिरावट रही। मिडिल ईस्ट के हालात और कमाई को लेकर अनिश्चितता ने निवेशकों के भरोसे को प्रभावित किया है। ऐसे में वैश्विक संकेत फिलहाल सतर्कता का इशारा दे रहे हैं।
नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।