लखनऊ, 18 मई (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रम संगठनों की कड़ी आलोचना करते हुए सोमवार को कहा कि इन संस्थाओं का रवैया कभी सकारात्मक नहीं रहा और उन्होंने सिर्फ ‘सत्यानाश’ ही किया है।
आदित्यनाथ ने एक प्रमुख हिंदी दैनिक द्वारा आयोजित कार्यक्रम में श्रम संगठनों को जमकर खरी—खोटी सुनायी। उन्होंने कहा, ”अलग-अलग क्षेत्र का व्यक्ति, अलग-अलग क्षेत्र में कार्य करता है, लेकिन कभी-कभी उसके स्वर ट्रेड यूनियन जैसे हो जाते हैं।”
उन्होंने कहा, ”ट्रेड यूनियन की प्रवृत्ति कभी सकारात्मक नहीं रही। इसने सत्यानाश ही किया है। ये चंदा वसूली और ‘अजगर करे न चाकरी, पंछी करे न काम’ की तर्ज पर पूरी व्यवस्था को खोखला बनाने का काम करती हैं।”
मुख्यमंत्री ने कहा, ”ट्रेड यूनियन के नेता कोई काम नहीं करते, कंधे पर झोला लटकाए घूम-घूम कर डिस्टरबेंस फैलाते हैं। चंदा वसूली से अपना घर भरते हैं और श्रमिकों को भुखमरी के कगार पर लाकर खड़ा कर देते हैं।”
आदित्यनाथ ने कहा कि कानपुर इसका स्पष्ट उदाहरण है। उन्होंने कहा कि श्रम संगठनों के नेता सांसद व मंत्री बन गए लेकिन श्रमिक भुखमरी के कगार पर पहुंच गया।
भाषा सलीम रंजन
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