Reported By: Niharika sharma
,लखनऊ : Indore Coaching Centre Sealed Fire : उत्तर प्रदेश के लखनऊ में हुए दर्दनाक अग्निकांड के बाद इंदौर प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। शहर के कोचिंग सेंटरों, रेस्टोरेंट्स और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में फायर सेफ्टी नियमों की जांच की जा रही है। भंवरकुआं और गीता भवन क्षेत्र में एक ही दिन में 10 से ज्यादा संस्थानों पर कार्रवाई हुई है, जबकि कई जगहों को सील भी किया गया।
लखनऊ हादसे के बाद सबसे पहले प्रशासन की टीम भंवरकुआं स्थित कैटेलाइजर कोचिंग पहुंची। यहां फायर सेफ्टी नियमों के उल्लंघन की शिकायतें मिली थीं। जांच के दौरान आग से निपटने के लिए जरूरी उपकरण नहीं मिले। छात्रों की बड़ी संख्या के बावजूद सुरक्षा इंतजाम नदारद पाए गए, जिसके बाद टीम ने कार्रवाई शुरू की। इसके बाद एसडीएम घनश्याम धनगर के नेतृत्व में टीम रेज़ोनेंस कोचिंग सेंटर पहुंची। अधिकारियों के मुताबिक संस्थान को करीब तीन महीने पहले नोटिस जारी कर खामियां दूर करने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन निर्धारित समय के बाद भी व्यवस्थाओं में सुधार नहीं किया गया। फायर सेफ्टी नॉर्म्स का पालन नहीं होने पर विभागीय कार्रवाई की गई।
कार्रवाई सिर्फ कोचिंग संस्थानों तक सीमित नहीं रही। फायर सेफ्टी विभाग की टीम माखनवाला रसोई रेस्टोरेंट भी पहुंची। यहां फायर ऑडिट नहीं कराया गया था और नोटिस के बावजूद व्यवस्थाएं जस की तस मिलीं। जांच के दौरान जलती हुई भट्टी के पास बड़ी मात्रा में कोयला रखा मिला, जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता था। टीम ने मौके पर अनियमितताओं की जांच करते हुए कार्रवाई शुरू की।
Bhawarkua Geeta Bhawan Action, दिन की चौथी बड़ी कार्रवाई रामानुजन कोचिंग सेंटर पर हुई, जहां नोटिस के बावजूद सुरक्षा उपकरण नहीं लगाए गए थे। प्रशासन ने संस्थान को सील कर दिया। वहीं बेसमेंट में संचालित एक अवैध ऑटो सेंटर को भी बंद कराया गया। इसके बाद मेडिकोज करियर इंस्टीट्यूट पर कार्रवाई हुई। जांच में भवन जर्जर हालत में मिला और फायर सेफ्टी उपकरण भी मौजूद नहीं थे। छात्रों की सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने संस्थान को सील कर दिया।
भंवरकुआं और गीता भवन क्षेत्र में पूरे दिन चली कार्रवाई में 10 से ज्यादा संस्थानों की जांच की गई और गंभीर अनियमितताएं मिलने पर कई जगहों को सील किया गया। सवाल यही है कि जिन संस्थानों को महीनों पहले नोटिस दिए गए थे, उन्होंने सुधार क्यों नहीं किया? क्या हर बार किसी बड़े हादसे के बाद ही सुरक्षा नियम याद आएंगे? फिलहाल लखनऊ की त्रासदी के बाद इंदौर में प्रशासन सख्त नजर आ रहा है और कार्रवाई का सिलसिला लगातार जारी है।