Kakori Police Arrest in High Court News || Image- AI Generated
लखनऊ: यहाँ हाईकोर्ट बैंच परिसर में बुधवार को एक नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिला। हैरानी की बात यह रही कि, कुछ पुलिस वालों को ही नियम-कायदो के उल्लंघन के आरोप में हिरासत में ले लिया गया। (Kakori Police Arrest in High Court News) हालांकि रिहाई के बाद उन्हें सस्पेंड भी कर दिया गया। पूरा मामला गौ तस्करी के आरोपियों की गिरफ्तारी और बिना इजाजत हाईकोर्ट में दाखिल होने से जुड़ा हुआ है।
जानकारी के मुताबिक़ काकोरी पुलिस स्टेशन के तीन पुलिसकर्मी गोहत्या से संबंधित एक मामले में वकील गुरफान सिद्दीकी और उनकी मुवक्किल अमीना खातून को गिरफ्तार करने के लिए बिना अनुमति के इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच के परिसर में घुस गए। हालांकि आखिर में हाई कोर्ट परिसर के अंदर स्थित पुलिस चौकी के पुलिसकर्मियों ने उन्हें खुद ही गिरफ्तार कर लिया।
बाद में सब इंस्पेक्टर उस्मान खान और लाखन सिंह और कांस्टेबल पुष्पेंद्र सिंह सहित इन पुलिसकर्मियों के खिलाफ अदालत परिसर में गैरकानूनी रूप से प्रवेश करने के लिए बीएनएस धारा 329 (3), 351 (3) और 352 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।
आरोप है कि काकोरी थाने के दो दरोगा उस्मान खान और लाखन सिंह अपने एक सिपाही पुष्पेंद्र सिंह के साथ बिना किसी आधिकारिक सूचना के हाई कोर्ट पहुंच गए। गेट पर तैनात सुरक्षाकर्मियों से उन्होंने झूठ बोलते हुए कहा कि उन्हें एडवोकेट जनरल के दफ्तर जाना है। (Kakori Police Arrest in High Court News) लेकिन अंदर पहुंचते ही वे सीधे एक वकील के चेंबर में घुस गए, जहां आरोपी महिला मौजूद थी। पुलिसकर्मियों ने वहां महिला को जबरन अपने साथ ले जाने की कोशिश करने लगे। इसके बाद वहां मौजूद लोगों ने पुलिसकर्मियों को हाई कोर्ट चौकी पुलिस के हवाले कर दिया। इस घटना के बाद तीनों ही पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।
Three Policemen from Kakori police station entered the premises of #LucknowBench of the #AllahabadHighCourt without authorization to arrest advocate Gurfaan Siddiqui and his client Amina Khatoon in connection with a case relating to cow slaughter but ended up getting arrested… pic.twitter.com/R9UoMgcrWM
— Hate Detector 🔍 (@HateDetectors) January 21, 2026