Home » Uttar Pradesh » Election Commission Extends Voter List Revision Deadline in Uttar Pradesh Till March 6, 2026
UP SIR News : बड़ी खुशखबरी! अब वोटर लिस्ट में सुधार करने के लिए मिला एक और महीना, जानें किस तारीख को आएगी फाइनल लिस्ट
Ads
उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग ने बड़ा फैसला लिया है। राजनीतिक दलों की मांग पर दावे और आपत्तियों की समय-सीमा एक महीने बढ़ाकर 6 मार्च 2026 कर दी गई है। अब राज्य की अंतिम मतदाता सूची 10 अप्रैल को जारी की जाएगी।
लखनऊ : उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग ने बड़ा फैसला लिया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने घोषणा की है कि राजनीतिक दलों की मांग पर दावे और आपत्तियों की समय-सीमा को एक महीने के लिए बढ़ाकर अब 6 मार्च 2026 कर दिया गया है। इस बदलाव के साथ ही अब राज्य की अंतिम मतदाता सूची 10 अप्रैल को जारी की जाएगी। अब राज्य के मतदाता नाम जोड़ने, संशोधन कराने या नाम कटवाने के लिए तय तारीख से अधिक समय तक आवेदन कर सकेंगे। मतदाताओं की सुविधा के लिए अब हर दिन सुबह 10 से 12 बजे तक बीएलओ (BLO) बूथों पर मौजूद रहेंगे, जिससे पात्र लोग आसानी से अपना नाम जुड़वा सकें।
आपको बता दें की पहले (SIR) की अंतिम तारिख 6 फरवरी थी, लेकिन अब नागरिकों को नया नाम जुड़वाने के लिए (फॉर्म-6), सुधार करने के लिए (फॉर्म-8) या नाम कटवाने (फॉर्म-7) के लिए एक महीने का अतिरिक्त समय मिल गया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने जानकारी देते हुए बताया की फॉर्म-7 (नाम कटवाने के लिए आवेदन) को लेकर चल रहे विवादों पर भी स्थिति स्पष्ट की गई। आयोग ने सख्त नियम लागू करते हुए कहा है कि केवल रजिस्टर्ड मतदाता ही किसी का नाम कटवाने के लिए फॉर्म-7 भर सकता है और इसके लिए पुख्ता कारण बताना ज़रूरी होगा। दुरुपयोग रोकने के लिए एक व्यक्ति एक दिन में अधिकतम 10 फॉर्म ही जमा कर सकेगा।
मुख्य चुनाव अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि अब वोटर लिस्ट की अंतिम सूची 10 अप्रैल को जारी की जाएगी। दरअसल, करीब 1 करोड़ 4 लाख ऐसे वोटर मिले थे जिनका डेटा सही से मैप नहीं था। इसके अलावा, 2 करोड़ 22 लाख मतदाताओं की जानकारी में कुछ गलतियाँ या कमियाँ पाई गई थीं, जिन्हें ठीक करने के लिए उन्हें नोटिस भेजा जा रहा है।
The Election Commission of India has considered the request received from the Chief Electoral Officer, Uttar Pradesh, for extension of the time, and decided to extend the period for filing claims and objections up to 06.03.2026 for the ongoing Special Intensive Revision of… pic.twitter.com/oUp9brv5B9