लोकतंत्र कई बार उलझावपूर्ण हो जाता है, थोड़ा धैर्य रखने की जरूरत : बाइडेन

लोकतंत्र कई बार उलझावपूर्ण हो जाता है, थोड़ा धैर्य रखने की जरूरत : बाइडेन

लोकतंत्र कई बार उलझावपूर्ण हो जाता है, थोड़ा धैर्य रखने की जरूरत : बाइडेन
Modified Date: November 29, 2022 / 07:59 pm IST
Published Date: November 6, 2020 5:03 am IST

(ललित के. झा)

वाशिंगटन, छह नवम्बर (भाषा) अमेरिका चुनाव के नतीजों में आने में लग रहे समय पर राष्ट्रपति पद के डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार जो बाइडेन ने कहा कि लोकतंत्र कई बार उलझावपूर्ण हो जाता है और धैर्य रखने की जरूरत होती है।

बाइडेन ने अमेरिकियों से मतों की गिनती पूरी होने तक शांत रहने और धैर्यपूर्वक इंतजार करने की अपील की।

व्हाइट हाउस पहुंचने के 270 वोट के जादूई आंकड़े से बाइडेन केवल छह ‘इलेक्टोरल कॉलेज वोट’ दूर हैं। वहीं अमेरिका के राष्ट्रपति एवं रिपब्लिकन के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप को 214 ‘इलेक्टोरल कॉलेज वोट’ मिले हैं।

डेलावेयर में एक संवाददाता सम्मेलन में बाइडेन ने बृहस्पतिवार को कहा, ‘‘ अमेरिका में, वोट एक पवित्र चीज़ है। इसके जरिए ही देश के लोग अपनी इच्छाएं जाहिर करते हैं। किसी और चीज से नहीं, मतदाताओं की इच्छा से ही अमेरिका का राष्ट्रपति चुना जाता है। इसलिए हर एक मत की गिनती होनी चाहिए और यही किया जा रहा है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘लोकतंत्र कई बार उलझावपूर्ण हो जाता है, इसलिए थोड़ा धैर्य रखने की जरूरत है। 240 साल से अधिक समय से इस धैर्य को एक ऐसी शासन प्रणाली से सम्मानित किया जा रहा है, जिससे दुनिया ईर्ष्या करती है। अभी चीजें जैसी हैं, हम ऐसा ही अच्छा महसूस करते रहेंगे।’’

साथ ही बाइडेन ने मतगणना पूरी होने पर अपनी जीत का विश्वास व्यक्त किया।

बाइडेन के साथ उप राष्ट्रपति पद की डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार कमला हैरिस भी मौजूद थीं।

भाषा निहारिका शाहिद

शाहिद


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