मॉस्को, 17 जुलाई (एपी) रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के कट्टर आलोचक और यूक्रेन के खिलाफ सैन्य कार्रवाई से सार्वजनिक रूप से असहमति जता चुके बोरिस नादेजदिन को यहां की अदालत ने शुक्रवार को ‘चरपंथी प्रतीकों’ को प्रदर्शित करने का दोषी करार दिया।
अदालत के इस फैसले के साथ ही नादेजदिन इस साल होने वाले संसदीय चुनाव के लिए अयोग्य हो सकते हैं। उन्होंने 2024 के चुनाव में राष्ट्रपति पुतिन को चुनौती देने की कोशिश की थी।
नादेजदिन (63) पर आरोप 2023 के एक ऑनलाइन साक्षात्कार के आधार पर लगाए गए थे। उक्त साक्षात्कार में उन्होंने विपक्ष के दिवंगत नेता एलेक्सी नवलनी की एक तस्वीर कुछ देर के लिए दिखाई थी। उस समय नवलनी चरमपंथ के आरोपों में 19 साल की जेल की सजा काट रहे थे।
नवलनी पर लगे आरोपों को बड़े पैमाने पर राजनीति से प्रेरित माना जा रहा था और 16 फरवरी 2024 को आर्कटिक की एक जेल कॉलोनी में उनकी मौत हो गई थी।
नादेजदिन ने अपने ऊपर लगे आरोपों को बेतुका करार देते हुए कहा कि अधिकारी उन्हें सितंबर में होने वाले संसदीय चुनाव के लिए प्रचार करने से रोकने की कोशिश कर रहे हैं। मॉस्को के उत्तरी बाहरी इलाके में स्थित डोलगोप्रोडनी शहर की अदालत ने उन्हें दोषी ठहराया और 1,000 रूबल का जुर्माना भरने का आदेश दिया।
नादेजदिन डोलगोप्रोडनी शहर के ही निवासी हैं।
रूस के न्याय मंत्रालय ने करीब एक हफ्ता पहले नादेजदिन को ‘विदेशी एजेंट’ करार दिया था। सरकार के इस फैसले से वह सार्वजनिक पद संभालने के लिए अयोग्य हो गए थे लेकिन शुक्रवार के अदालत के फैसले के बाद वह संसदीय चुनाव से भी बाहर होते प्रतीत हो रहे हैं।
शुक्रवार को ही क्रेमलिन के कभी समर्थक रहे और अब पुतिन के आलोचक बन गए ब्लॉगर इल्या रेमेस्लो को सेंट पीटर्सबर्ग में रूसी सेना के बारे में गलत जानकारी प्रसारित करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
रूस की सरकारी समाचार एजेंसी ‘तास’ ने खबर दी कि उन्हें अदालत में सुनवाई के लिए मॉस्को ले जाया जाएगा।
मार्च में, रेमेस्लो ने यूक्रेन में सैन्य कार्रवाई की आलोचना की थी और पुतिन के इस्तीफे की मांग की थी।
एपी धीरज माधव
माधव