katihar junction video/ image osyurce: ChapraZila x handle
Katihar Junction Cucumber Viral Video: कटिहार: बिहार के कटिहार जंक्शन से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने रेलवे स्टेशन पर बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। वायरल क्लिप में कथित तौर पर एक महिला वेंडर खीरे को हरे रंग में रंगती नजर आ रही है। दावा किया जा रहा है कि खराब और सफेद पड़ चुके खीरों को ताजा दिखाने के लिए उन पर रंग लगाया जा रहा था, ताकि यात्रियों को बेचकर मुनाफा कमाया जा सके। वीडियो सामने आने के बाद लोग हैरानी और नाराजगी जाहिर कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल यह वीडियो कटिहार रेलवे स्टेशन का बताया जा रहा है, खीरा को हरे रंग से रंगती दिखी महिलाएं। pic.twitter.com/AdVmfTo00G
— छपरा जिला 🇮🇳 (@ChapraZila) May 8, 2026
वीडियो में देखा जा सकता है कि महिला के पास खीरों से भरी टोकरी रखी है और उसके बगल में एक प्लास्टिक का डिब्बा रखा हुआ है। आरोप है कि डिब्बे में किसी तरह का हरा रंग या केमिकल भरा हुआ था, जिसमें खीरे डुबोकर उन्हें चमकदार और ताजा जैसा बनाया जा रहा था। यह दृश्य देखकर सोशल मीडिया यूजर्स ने कहा कि जिन चीजों को लोग सफर के दौरान हेल्दी समझकर खाते हैं, अगर वही मिलावटी निकलें तो यह बेहद गंभीर मामला है।
कटिहार जंक्शन जैसे व्यस्त रेलवे स्टेशन पर रोजाना हजारों यात्री गुजरते हैं। गर्मी के मौसम में यात्री अक्सर प्लेटफॉर्म पर बिकने वाले खीरे, फल और ठंडे खाद्य पदार्थ खरीदते हैं। ऐसे में यदि खाने-पीने की चीजों में इस तरह की मिलावट हो रही है, तो यह सीधे यात्रियों की सेहत से खिलवाड़ माना जा रहा है। लोगों का कहना है कि स्टेशन परिसर में खाद्य सामग्री बेचने वालों की नियमित जांच होनी चाहिए और फूड सेफ्टी मानकों का सख्ती से पालन कराया जाना चाहिए।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार किसी भी सब्जी या फल पर सिंथेटिक रंग, डाई या अज्ञात केमिकल का इस्तेमाल बेहद खतरनाक हो सकता है। ऐसे पदार्थों का सेवन पेट दर्द, उल्टी, दस्त और फूड पॉइजनिंग जैसी तत्काल समस्याएं पैदा कर सकता है। लंबे समय तक ऐसे रसायनों का सेवन लिवर, किडनी और शरीर के अन्य अंगों पर भी बुरा असर डाल सकता है। इसलिए बिना धोए या बिना जांचे ऐसे खाद्य पदार्थ खाने से बचना चाहिए।
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर यूजर्स ने रेल मंत्रालय, रेलवे प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों पर सवाल उठाए हैं। कई लोगों ने पूछा कि स्टेशन पर मौजूद स्टाफ, रेलवे सुरक्षा बल और खान-पान की निगरानी करने वाली एजेंसियां आखिर क्या कर रही थीं। कुछ यूजर्स ने मांग की है कि संबंधित वेंडर की पहचान कर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और स्टेशन पर बिकने वाले खाने-पीने के सामान की तुरंत जांच कराई जाए। हालांकि इस वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है और न ही प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने आया है।