dev ji/ image source: IBC24
तेलंगाना: नक्सलवाद के खिलाफ चल रहे अभियान को बड़ी कामयाबी मिलने की खबर सामने आई है। सूत्रों के अनुसार नक्सल संगठन के मुखिया देव जी ने अपने 16 साथियों के साथ हथियार डालते हुए सुरक्षा बलों के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। सूत्रों का कहना है कि 31 मार्च 2026 से पहले नक्सल मोर्चे पर यह अब तक की सबसे बड़ी सफलता मानी जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
‘लाल आतंक’ को अब तक का सबसे बड़ा झटका https://t.co/ZoNRzOydj0
— IBC24 News (@IBC24News) February 22, 2026
बताया जा रहा है कि कर्रेगुट्टा क्षेत्र में चलाए गए संयुक्त ऑपरेशन “कगार” के दबाव से संगठन पूरी तरह बिखर गया, जिसके बाद शीर्ष नेतृत्व ने सरेंडर का रास्ता चुना। सुरक्षाबलों के लगातार अभियान और बढ़ते दबाव के चलते यह कार्रवाई संभव हो सकी है। इस घटनाक्रम को लाल आतंक के खिलाफ अब तक के सबसे बड़े झटकों में से एक माना जा रहा है, जिससे संगठन को गंभीर क्षति पहुंचने की बात कही जा रही है।
बताया जा रहा है कि 31 मार्च 2026 से पहले नक्सल मोर्चे पर यह सुरक्षा बलों की बहुत बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। हालांकि अभी तक इस पूरे घटनाक्रम की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी ने सुरक्षा तंत्र और नक्सल विरोधी अभियान को लेकर सकारात्मक संकेत दिए हैं। माना जा रहा है कि शीर्ष नेतृत्व के सरेंडर से क्षेत्र में नक्सल गतिविधियों पर बड़ा असर पड़ सकता है और आने वाले समय में और भी कैडरों के आत्मसमर्पण की संभावना बढ़ सकती है।