नयी दिल्ली, 15 अप्रैल (भाषा) ओपनएआई ने बुधवार को भारत के लिए अपनी ताजा क्षमता अंतराल रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि भारत दुनिया के सबसे अग्रणी कृत्रिम मेधा (एआई) बाजारों में से एक है।
इसके मुताबिक, खासतौर से कोडिंग, डेटा विश्लेषण और जटिल तर्क के मामले में भारत काफी आगे है, लेकिन अन्य देशों की तुलना में यहां एआई की स्वीकार्यता की दर बड़े शहरों में अधिक है।
ओपनएआई के अनुसार, प्रति व्यक्ति सोचने की क्षमता के उपयोग के मामले में भारत विश्व स्तर पर शीर्ष पांच देशों में शामिल है। यहां के उपयोगकर्ता नियमित रूप से जटिल समस्याओं को हल करने के लिए एआई के साथ संवाद कर रहे हैं।
फरवरी, 2026 में ओपनएआई के ‘कोडेक्स ऐप’ (एआई कोडिंग टूल) की पेशकश के महज दो सप्ताह के भीतर भारत में इसके उपयोगकर्ताओं में चार गुना वृद्धि देखी गई। कोडिंग और डेटा विश्लेषण के उपयोग में भी भारत की रैंकिंग काफी मजबूत है।
ओपनएआई ने बताया कि यह क्षमता समान रूप से वितरित नहीं है। भारत में एआई का उपयोग कुछ शहरों तक ही सीमित है। भारत के शीर्ष 10 शहरों में कुल एआई उपयोगकर्ताओं का लगभग 50 प्रतिशत हिस्सा है। चैटजीपीटी की पैठ के लिहाज से दिल्ली एनसीआर शीर्ष पर है।
भाषा अजय पाण्डेय
अजय