(फाइल फोटो के साथ)
चंडीगढ़/रेवाड़ी, 30 जून (भाषा) केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को कहा कि सरकार जल्द ही किसानों के लिए एक मोबाइल ऐप लाने जा रही है, जिससे वे अपनी मिट्टी की उर्वरता का आकलन कर सकेंगे।
उन्होंने उर्वरकों के संतुलित और विवेकपूर्ण इस्तेमाल पर भी जोर दिया और जैविक खेती अपनाने की वकालत की ताकि रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम की जा सके।
हरियाणा के रेवाड़ी जिले के बावल में ‘खेत बचाओ अभियान’ के समापन समारोह को संबोधित करते हुए चौहान ने रासायनिक उर्वरकों के अत्यधिक और अनियंत्रित उपयोग पर चिंता जताई।
मध्य प्रदेश के रायसेन जिले से एक जून को शुरू हुआ यह एक महीने लंबा ‘खेत बचाओ अभियान’ मंगलवार को संपन्न हुआ।
मंत्री ने कहा कि जल्द ही किसान अपने मोबाइल फोन पर एक ऐप डाउनलोड कर सकेंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘ आप अपने खेत में खड़े होंगे और आपका मोबाइल बताएगा कि आपकी मिट्टी में कौन से पोषक तत्व हैं और कितना उर्वरक डालना चाहिए। हम इस पर काम कर रहे हैं ताकि किसानों को परेशानी से बचाया जा सके।’’
किसानों को वर्तमान में राज्य सरकारों द्वारा जारी मृदा स्वास्थ्य कार्ड के माध्यम से मिट्टी की जानकारी दी जाती है।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, मार्च, 2026 तक देश में लगभग 26 करोड़ मृदा स्वास्थ्य कार्ड जारी किए जा चुके हैं।
उन्होंने किसानों से उर्वरकों का अंधाधुंध उपयोग बंद करने की अपील की और कहा कि अधिक मात्रा में यूरिया तथा डीएपी (डाई-अमोनियम फास्फेट) का उपयोग धीरे-धीरे मिट्टी को नुकसान पहुंचा रहा है।
कृषि मंत्री ने कहा, ‘‘ उर्वरकों और कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग के कारण हमारी मिट्टी की उर्वरता धीरे-धीरे खराब हो रही है।’’
चौहान ने किसानों से प्राकृतिक खेती अपनाने का भी आग्रह किया और कहा कि यदि सही तरीके से प्राकृतिक खेती की जाए तो उत्पादन में कमी नहीं आती।
उन्होंने हरियाणा की कृषि क्षेत्र में भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि राज्य में 24 फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) दिया जाता है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि हरियाणा देश के अन्न भंडार को भरता है।
उन्होंने कहा, ‘‘ एक समय था जब हमें अमेरिका से लाल गेहूं मंगाना पड़ता था, लेकिन आज हरियाणा जैसे राज्यों के प्रयासों से देश के खाद्यान्न भंडार भर हुए हैं।’’
मंत्री ने दावा किया कि चावल उत्पादन में भारत अब दुनिया में नंबर एक बन गया है और चीन को पीछे छोड़ दिया है।
इस अवसर पर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी भी उपस्थित रहे।
भाषा निहारिका अजय
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