छत्तीसगढ़ के आकांक्षी जिलों में केंद्रीय मंत्रियों का दौरा जारी, प्रदेश में गरमाई सियासत

Ads

छत्तीसगढ़ के आकांक्षी जिलों में केंद्रीय मंत्रियों का दौरा जारी, प्रदेश में गरमाई सियासत : Central ministers continue to visit aspirational districts of Chhattisgarh

  •  
  • Publish Date - April 18, 2022 / 11:32 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:47 PM IST

रायपुरः छत्तीसगढ़ के आकांक्षी जिलों में केंद्रीय मंत्रियों का दौरा जारी है। इस क्रम में सोमवार को केंद्रीय राज्यमंत्री भानुप्रताप सिंह कांकेर पहुंचे। वहीं, देवुसिंह चौहान दंतेवाड़ा का दौरा कर केंद्रीय योजनाओं की समीक्षा की। वहीं, अश्वनी चौबे रायपुर पहुंच गए हैं। वो कल कोरबा जिले का दौरा करेंगे। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भी रायपुर पहुंचे गए हैं। वे कल राजनांदगांव में केंद्रीय योजनाओं की समीक्षा बैठक लेंगे।

Read more :  तीर्थ, तंज, तकरार.. ‘पोस्टर’ पर वार-पलटवार! तीर्थ दर्शन योजना से क्या किसी की सियासी यात्रा होगी सफल? 

गौरतलब है कि प्रदेश के 10 जिले देश के उन चिन्हांकित 117 जिलों में शामिल हैं, जिन्हें कम विकसित मानते हुए 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी को आकांक्षी जिला घोषित करते हुए यहां विकास की रफ्तार बढ़ाने का फैसला लिया। इन्हीं 10 आकांक्षी जिलों में इन दिनों 10 केंद्रीय मंत्रियों का दौरा चल रहा है। हर दिन केंद्रीय योजनाओं के क्रियान्वयन का निरीक्षण और समीक्षा बैठक चल रही है। इसी कड़ी में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया रायपुर पहुंचे। वहीं केंद्रीय राज्य मंत्री अश्वनी कुमार चौबे कोरबा, भानु प्रताप सिंह कांकेर और देवु सिंह चौहान दंतेवाड़ा पहुंचे। केंद्रीय मंत्रियों ने मोदी सरकार के कामकाज और योजनाओं की तारीफें करते हुए कांग्रेस और राज्य सरकार को आड़े हाथ लिया।

Read more :  केंद्र Vs राज्य सरकार.. फंड पर जारी तकरार! जीएसटी क्षतिपूर्ति की राशि पर फिर शुरू हुआ आरोप-प्रत्यारोप का दौर 

केंद्रीय मंत्रियों के सिलसिलेवार दौरे से सूबे की सियासत गरमा गई है। छत्तीसगढ़ के आबकारी मंत्री कवासी लखमा ने कहा है कि मोदी सरकार ने आठ सालों में बस्तर के साथ सौतेला व्यवहार किया है और विकास कार्यों को लेकर फूटी कौड़ी नहीं दे रही।

Read more :  खरगोन हिंसा में प्रभावित परिवारों की दी जाएगी आर्थिक सहायता, गृह विभाग ने जारी किया बजट 

केंद्रीय योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर होने वाले दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठकें भी ले रहे हैं। लिहाजा, इसे सियासी चश्मे से देखा जा रहा है और फिर अगले साल छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव जो होने हैं। यही वजह है कि इन दौरों से सियासी संग्राम छिड़ गया है।