भिलाई : Israel-Iran Conflict: ईरान और इजराइल के बीच 12 दिन बाद संघर्ष विराम हो चुका है लेकिन ईरान में फंसे भारतीयों का बुरा हाल है। ईरान के इशहान शहर के कुपाया के स्टील प्लांट में फंसे 150 से ज्यादा भारतीयों ने आईबीसी 24 के माध्यम से अपने जान बचाने की गुहार लगाई है।
Israel-Iran Conflict: इनमें शामिल भिलाई खुर्सीपार के युवक भगवान दास ने बताया कि वे सब कुपाया में स्थित हीरो एरिया स्टीलप्लांट में काम करते हैं लेकिन यहां हालात बिगड़ने के बाद वे सब भारत आना चाहते हैं लेकिन स्टील प्लांट के मालिक उन्हें नहीं छोड़ रहे हैं। यहां उन्हें भारतीय एंबेसी तक भी नहीं जाने दिया जा रहा।
Israel-Iran Conflict: इन युवकों ने वीडियो के माध्यम से बताया कि रायपुर के तिल्दा के पास स्थित सूर्या इस्पात के एचआर दीपक निगम ने उन सभी को झांसे में लेकर यहां भेजा लेकिन अब वापसी का कोई रास्ता नहीं है। वही ईरान में वहां के स्थानीय लोग उन पर हमला भी कर रहे हैं और वे सभी काम करने की बजाए अपने-अपने कमरे में बंद है। भगवानदास ने आईबीसी 24 के जरिए छत्तीसगढ़ की साय सरकार से अपील की है कि उन सब को वापस लाया जाए। ताकि उन सब की जिंदगी बच सकें।
ईरान में फंसे भारतीयों को वापस लाने के लिए सरकार क्या कदम उठा रही है?
"ईरान में फंसे भारतीय" को लेकर छत्तीसगढ़ सरकार और विदेश मंत्रालय को सूचित किया गया है। मीडिया और पीड़ितों के वीडियो सामने आने के बाद राहत और रेस्क्यू ऑपरेशन की उम्मीद बढ़ी है।
"ईरान में फंसे भारतीय" कौन सी कंपनी के जरिए वहां पहुंचे थे?
इन भारतीयों को रायपुर (तिल्दा) की सूर्या इस्पात कंपनी के एचआर दीपक निगम द्वारा कथित रूप से भेजा गया था।
क्या "ईरान में फंसे भारतीय" भारतीय एंबेसी से संपर्क कर पा रहे हैं?
नहीं, युवाओं ने बताया कि स्टील प्लांट का मालिक उन्हें एंबेसी तक भी नहीं जाने दे रहा है, जिससे उनकी स्थिति और भी गंभीर हो गई है।
क्या "ईरान में फंसे भारतीयों" पर हमला किया गया है?
हाँ, वीडियो में बताया गया है कि वहां के स्थानीय लोग भारतीय कामगारों पर हमला कर रहे हैं, जिससे वे अपने-अपने कमरों में बंद रहने को मजबूर हैं।
"ईरान में फंसे भारतीयों" की सुरक्षित वापसी की कोई संभावित तारीख है क्या?
फिलहाल कोई आधिकारिक तारीख तय नहीं हुई है, लेकिन मामला मीडिया और सरकार के संज्ञान में आने के बाद जल्द कार्रवाई की उम्मीद है।