Amit Baghel Arrest News: बलौदाबाजार हिंसा मामले में ‘बघेल’ गिरफ्तार, रायपुर जेल से प्रोडक्शन वारंट मे ला रही बलौदाबाजार- सूत्र

Amit Baghel Arrest News: बलौदाबाजार हिंसा मामले में 'बघेल' गिरफ्तार, रायपुर जेल से प्रोडक्शन वारंट मे ला रही बलौदाबाजार- सूत्र

  •  
  • Publish Date - January 14, 2026 / 11:39 AM IST,
    Updated On - January 14, 2026 / 12:54 PM IST

Amit Baghel Arrest News/Image Source: IBC24

HIGHLIGHTS
  • आगजनी हिंसा मामले में अमित बघेल गिरफ्तार
  • छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के प्रमुख है अमित बघेल
  • रायपुर जेल से प्रोडक्शन वारंट मे ला रही बलौदाबाजार

बलौदाबाजार: Amit Baghel Arrest News:  छत्तीसगढ़ में सूत्रों के हवाले से बड़ी खबर सामने आई है। आगजनी और हिंसा मामले में छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के प्रमुख अमित बघेल को गिरफ्तार कर लिया गया है। जानकारी के अनुसार आरोपी अमित बघेल को रायपुर जेल से प्रोडक्शन वारंट पर बलौदाबाजार लाया जा रहा है। बलौदाबाजार पुलिस आरोपी को सीधे कोर्ट में पेश करेगी।

क्रांति सेना प्रमुख अमित बघेल अरेस्ट (Balodabazar Violence Case)

बताया जा रहा है कि यह गिरफ्तारी आगजनी-हिंसा की घटना की जांच के तहत की गई है। पुलिस पहले ही इस मामले में कई अहम गिरफ्तारियां कर चुकी है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक अब तक इस मामले में कुल 201 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। मामले की जांच लगातार जारी है और आगे और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं। बीते 10 जून 2024 को बलौदा बाजार जिले में हुए हिंसा और आगजनी के मामले में बलौदा बाजार पुलिस ने दो और अहम गिरफ्तारियां की हैं। पुलिस की स्पेशल टीम ने कल देर रात छत्तीसगढ़ क्रांति सेना जोहार पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अजय यादव और पार्टी के सह-सचिव दिनेश वर्मा को रायपुर से गिरफ्तार किया। इसके बाद आज अजाक थाने में घंटों पूछताछ के बाद दोनों आरोपियों को जेल दाखिल किया गया। हीं, कल देर रात हुई गिरफ्तारी के बाद छत्तीसगढ़ क्रांति सेना जोहार पार्टी के दर्जनों कार्यकर्ताओं ने कोतवाली थाने के सामने जमावड़ा लगाना शुरू कर दिया।स्थिति को देखते हुए एहतियातन तौर पर कोतवाली थाना और अजाक थाना क्षेत्र में बैरिकेडिंग की गई है और अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है।

Amit Baghel Arrest News: बता दें कि महाराजा अग्रसेन और भगवान झूलेलाल पर की गई विवादित टिप्पणी के मामले में जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी के प्रमुख अमित बघेल पर रायपुर पुलिस ने कार्रवाई की थी। तेलीबांधा और सिविल लाइन थाना पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया था। इससे पहले देवेंद्र नगर थाने में दर्ज मामले में भी उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज है जिसके चलते वे वर्तमान में जेल में हैं। बता दें कि छत्तीसगढ़ महतारी की मूर्ति तोड़ने को लेकर 27 अक्टूबर को अमित बघेल ने अग्रसेन महाराज, सिंधी समाज के ईष्ट देवता झूलेलाल पर टिप्पणी की थी। अमित बघेल के बयान के बाद अग्रवाल समाज और सिंधी समाज ने प्रदेशभर और देशभर में प्रदर्शन किया था। अमित के खिलाफ देवेंद्र नगर थाना में 4, तेलीबांधा में 5 और कोतवाली थाना में 4 एफआईआर दर्ज है। वहीं, राजस्थान, गुजरात, दिल्ली, महाराष्ट्र, यूपी, झारखंड सहित 12 राज्यों में केस दर्ज किए गए हैं।

10 जून बलौदाबाजार हिंसा (Balodabazar Violence News)

बता दें कि बताया जा रहा है कि 10 जून 2024 को Balodabazar Violence Case और आगजनी की घटनाओं में सार्वजनिक और निजी संपत्तियों को भारी नुकसान पहुंचा था। घटना के बाद से ही पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और लगातार आरोपियों की धरपकड़ की जा रही है। इसी कड़ी में अजय यादव और दिनेश वर्मा की गिरफ्तारी की गई है। बलौदाबाजार में हुई हिंसा में इन दोनों की संलिप्तता पाई गई है। गौरतलब है कि 10 जून को सतनामी समाज के प्रदर्शन के दौरान बलौदाबाजार में हिंसा भड़क गई थी। प्रदर्शन के बाद संयुक्त जिला कार्यालय भवन, पुलिस अधीक्षक कार्यालय, तहसील कार्यालय सहित अन्य सरकारी संपत्तियों में तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं हुई थीं। पुलिस ने इस मामले में विभिन्न धाराओं के तहत कई FIR दर्ज की थी। इनमें से अपराध क्रमांक 386/2024 के तहत भिलाई नगर विधायक देवेंद्र यादव सहित कई और लोगों की गिरफ्तारी भी हुई है।

 

यह भी पढ़ें

"Amit Baghel Arrest News" में गिरफ्तारी किस मामले में हुई है?

आगजनी और हिंसा की घटनाओं की जांच के सिलसिले में छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के प्रमुख अमित बघेल को गिरफ्तार किया गया है। उन्हें प्रोडक्शन वारंट पर बलौदाबाजार लाया जा रहा है।

"Chhattisgarh Violence Case" में अब तक कितनी गिरफ्तारियां हुई हैं?

पुलिस सूत्रों के अनुसार इस मामले में अब तक कुल 201 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है और जांच अभी जारी है।

"Amit Baghel Controversy" में पहले से कौन-कौन से मामले दर्ज हैं?

अमित बघेल के खिलाफ रायपुर के देवेंद्र नगर, तेलीबांधा और कोतवाली थानों सहित देश के 12 राज्यों में कई एफआईआर दर्ज हैं, जो विवादित टिप्पणियों और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों से संबंधित हैं।