CG Dhan Kharidi News: 'या तो ऋण माफी की जाए, नही तो धान खरीदी फिर शुरू हो' विधानसभा में गूंजा धान खरीदी का मुद्दा, विपक्ष ने कहा- कई किसान अभी भी नहीं बेच पाए धान/ Image: DD Chhattisgarh
रायपुर: CG Dhan Kharidi News छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र का आज चौथा दिन है। विधानसभा के चौथे दिन सदन में एक बार फिर धान खरीदी और किसानों की समस्याओं से जुड़ा मुद्दा गूंजा। सदन की कार्यवाही के दौरान पूर्व मंत्री और कांग्रेस विधायक उमेश पटेल ने सरकार से फिर से धान खरीदी शुरू कर किसानों से धान खरीदी करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि अगर सरकार धान खरीदी नहीं कर रही है तो किसानों को कर्जमाफी किया जाए।
CG Dhan Kharidi News दरअसल उमेश पटेल ने सदन को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार ने धान खरीदी तो की है, लेकिन कई किसान आज भी अपना धान नहीं बेच पाए हैं। उमेश पटेल ने दावा करते हुए कहा कि किसानों ने जितना कृषि लोन लिया, उतना भी धान नही बेच पाए हैं। ऐसे मेंया तो ऋण माफी की जाए, नही तो धान खरीदी फिर शुरू की जाए। इस दौरान अकलतरा विधायक राघवेंद्र सिंह ने कहा कि जांजगीर में 7 हजार किसान नही बेच पाए, मेरे जिले में परेशान किसान जहर पी लिया, एक किसान टावर पर चढ़ गया।
वहीं, शून्यकाल के दौरान कांग्रेस ने सदन में स्थगन प्रस्ताव पेश किया। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने सदन को संबोधित करते हुए कहा कि जानबूझकर किसानों से का धान नहीं खरीदा गया है। एससी, एसटी वर्ग के किसान धान नहीं बेच पाए, किसान खून के आंसू रोए हैं। बता दें कि खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में 25 लाख 24 हजार 339 किसानों से 141.04 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई है।
ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ प्रदेश के किसानों को समर्थन मूल्य के अतिरिक्त बोनस का भुगतान करती है। वहीं, बोनस भुगतान को लेकर सीएम साय ने बीते दिनों बड़ा ऐलान किया था। सीएम साय ने कैबिनेट बैठक के दौरान बड़ा फैसला लेते हुए होली से पहले किसानों को बोनस भुगतान के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है। मंत्रिपरिषद ने राज्य में समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों को 3100 रुपए प्रति क्विंटल के मान से अंतर की राशि होली पर्व से पहले एकमुश्त भुगतान किए जाने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा कृषक उन्नति योजना के तहत राज्य के किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी 3100 रुपए प्रति क्विंटल के मान से की जा रही है, जो देश में सर्वाधिक है। बीते दो वर्षाें में कृषक उन्नति योजना के तहत राज्य के किसानों को धान के मूल्य के अंतर के रूप में 25 हजार करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान किया जा चुका है। इस साल होली से पूर्व किसानों को 10 हजार करोड़ रुपए का भुगतान होने से यह राशि बढ़कर 35 हजार करोड़ रुपए हो जाएगी।
| विवरण | आंकड़े / स्थिति |
| कुल पंजीकृत किसान | 25.24 लाख से अधिक |
| कुल धान खरीदी (2025-26) | 141.04 लाख मीट्रिक टन |
| बोनस भुगतान की समय सीमा | होली 2026 से पहले |
| प्रति क्विंटल दर | ₹3100 (MSP + अंतर राशि) |
| विपक्ष की मुख्य मांग | पोर्टल फिर से खोलना या कर्जमाफी |