जर्जर अस्पताल में मरीजों का इलाज, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा!

Ads

जर्जर अस्पताल में मरीजों का इलाज, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा!

  •  
  • Publish Date - March 28, 2019 / 05:35 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:49 PM IST

होशंगाबाद। शहर के पुराने जर्जर जिला अस्पताल भवन में मरीजों का इलाज चल रहा है और किसी भी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। दो साल पहले असुरक्षित घोषित किए जा चुके जिला अस्पताल के भवन में अभी भी मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है।

ये भी पढ़ें:लोकसभा चुनाव 2019: इस लोकसभा सीट में किसकी होगी जीत?

रोजाना इस अस्पताल में करीब 700 मरीज आते हैं, आए दिन मरीजों को जान का खतरा बना रहता है। लेकिन स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही से ऐसा लगता है कि किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है। 2016 में जिला अस्पताल के मुख्य भवन को पीडब्ल्यूडी विभाग ने असुरक्षित घोषित किया था और तत्कालीन कलेक्टर को तुरंत अस्पताल खाली कराकर ओपीडी और मेल मेडिकल फीमेल मेडिकल सर्जिकल वार्ड में मरीजों को अन्य जगह शिफ्ट करने की सलाह दी थी लेकिन शिफ्टिंग की परेशानी को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने मामले को दबा दिया। जिस भवन को असुरक्षित घोषित किया गया है उसे देख कर लगता है कि स्वास्थ्य विभाग को किसी बड़े हादसे का इंतजार है।

ये भी पढ़ें:लोकसभा चुनाव 2019: चुनाव की तैयारी में दोनों दल अपने कार्यकर्ताओं को दे रहे 

बता दें कि, 2016 से नया अस्पताल भवन प्रस्तावित है, लेकिन सिर्फ कागजों पर! क्योंकि अभी तक ना तो इसके सर्वे की कोई खबर है और ना ही यह पता है कि अस्पताल को कब तोड़ा जाए और कहां से छोड़ा जाए। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी यह बात मानते हैं कि अस्पताल को असुरक्षित घोषित कर दिया गया है, लेकिन जब भी जिम्मेदार अधिकारी से बात करने की कोशिश की जाती है तो सब गोलमोल जवाब देते हैं। अगर जल्द शासन की नजर इस गंभीर समस्या पर नहीं गई तो आने वाले दिनों में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। इससे इंकार नहीं किया जा सकता है।