अरुणाचल प्रदेश: राज्यपाल ने सामरिक तैयारी और सीमा विकास पर सैनिकों को संबोधित किया

अरुणाचल प्रदेश: राज्यपाल ने सामरिक तैयारी और सीमा विकास पर सैनिकों को संबोधित किया

अरुणाचल प्रदेश: राज्यपाल ने सामरिक तैयारी और सीमा विकास पर सैनिकों को संबोधित किया
Modified Date: July 25, 2025 / 10:16 pm IST
Published Date: July 25, 2025 10:16 pm IST

ईटानगर, 25 जुलाई (भाषा)अरुणाचल प्रदेश के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) के टी परनाइक ने शुक्रवार को राज्य की सीमाओं की रक्षा करने में सेना की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि दूरदराज और संवेदनशील क्षेत्रों के विकास का भी इसमें अहम योगदान होता है।

परनाइक ने असम के तिनसुकिया जिले में दिनजान सैन्य स्टेशन पर सेना के अधिकारियों को संबोधित करते हुए उभरते वैश्विक भू-राजनीतिक परिदृश्य पर बात की और अधिकारियों से रणनीतिक, परिचालन और मानवीय दृष्टिकोण से ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का अध्ययन करने का आह्वान किया।

उन्होंने ऑपरेशन के व्यापक निहितार्थों को रेखांकित करते हुए कहा कि यह एक सीखने का मूल्यवान अवसर है जिससे उनकी व्यावसायिक और सामरिक क्षमता और अधिक प्रखर हो सकती है।

राज्यपाल ने समकालीन युद्ध में परिचालन तैयारी, धारणा प्रबंधन और आधुनिक प्रौद्योगिकियों का लाभ उठाने के महत्व पर जोर दिया।

राज्यपाल ने कहा, ‘‘संभावित खतरों से एक कदम आगे रहना कोई विकल्प नहीं है, यह एक आवश्यकता है।’’ उन्होंने अधिकारियों से आह्वान किया कि वे अपनी क्षमताओं को लगातार मजबूत करते हुए प्रतिकूल रणनीति के प्रति सतर्क रहें।

राज्य में सेना की पहुंच की सराहना करते हुए परानाइक ने उन इकाइयों की सराहना की जो अपने कर्तव्य से आगे बढ़कर काम करती हैं, विशेषकर सीमावर्ती गांवों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा में सहयोग देने वाली इकाइयों की।

उन्होंने सशस्त्र बलों और स्थानीय समुदायों के बीच विश्वास को गहरा करने के लिए ‘ऑपरेशन सद्भावना’ के तहत इन जन-केंद्रित प्रयासों के और विस्तार को प्रोत्साहित किया।

इससे पहले, 2 माउंटेन डिवीजन के जीओसी मेजर जनरल वी एस देशपांडे ने राज्यपाल को डिवीजन की परिचालन तैयारी और सद्भावना परियोजनाओं के तहत चल रही सद्भावना पहलों के बारे में जानकारी दी।

भाषा धीरज नरेश

नरेश


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