नयी दिल्ली, छह नवंबर (भाषा) भाजपा ने बृहस्पतिवार को तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की ‘कांग्रेस का मतलब मुसलमान’ टिप्पणी को लेकर कांग्रेस की आलोचना की और कहा कि विपक्षी दल ने इस बात को ‘‘खुलेआम स्वीकार’’ कर लिया है कि वह ‘जिन्नावादी’ है और शरिया को संविधान से ऊपर रखती है।
इससे पहले केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने तेलंगाना में हाल में पूर्व क्रिकेटर मोहम्मद अजहरुद्दीन को मंत्रिपरिषद में शामिल किए जाने का विरोध किया था।
बृहस्पतिवार को हैदराबाद में जुबली हिल्स विधानसभा उपचुनाव के लिए एक रैली को संबोधित करते हुए, रेवंत रेड्डी ने किशन रेड्डी की आलोचना की और कहा कि केवल कांग्रेस ही अल्पसंख्यक समुदायों के सदस्यों को बड़े पद देती है।
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘कांग्रेस का मतलब मुसलमान और मुसलमान का मतलब कांग्रेस है।’’
रेड्डी की टिप्पणी पर हमला करते हुए भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा, ‘‘रेवंत रेड्डी ने उस बात को खुले तौर पर स्वीकार किया है जो हम बहुत लंबे समय से जानते हैं… यह आईएनसी (भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस) नहीं है, यह जेडब्ल्यूसी यानी ‘जिन्नावादी कांग्रेस’ है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘आज यह खुलेआम स्वीकार कर लिया गया है।’’
मोहम्मद अली जिन्ना पाकिस्तान के संस्थापक थे।
पूनावाला ने आरोप लगाया कि इसी मानसिकता के कारण कांग्रेस बार-बार कहती रही है, ‘‘मुसलमान पहले, शरिया पहले, वोट बैंक पहले, न कि संविधान पहले, भारत पहले।’’
भाजपा प्रवक्ता ने कहा, ‘‘यही कांग्रेस का असली चेहरा है। वह असल में सिर्फ अपने वोट बैंक की सेवा कर रही है। वह वोट बैंक और शरिया को संविधान से ऊपर रखती है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘यही वह मानसिकता है जिसके कारण कांग्रेस ओबीसी, एससी, एसटी के आरक्षण में कटौती कर अपने पसंदीदा वोट बैंक को देना चाहती है। उसने कर्नाटक और तेलंगाना में ऐसा किया है।’’
भाषा शफीक अविनाश
अविनाश