Vande Bharat: 2027 का रण तैयार, माफिया पर वार! योगी ने चला अपना चुनावी ट्रंप कार्ड, क्या चुनावी में माफिया मुक्त यूपी का मुद्दा रहेगा फॉक्स में

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CM Adityanath Yogi Statement on Mafia: सीएम योगी आदित्यनाथ ने पहली बार खुलकर कह दिया है कि माफियाओं का सफाया करना ही उनका सबसे प्रिय विषय है।

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  • Publish Date - June 17, 2026 / 12:06 AM IST,
    Updated On - June 17, 2026 / 12:06 AM IST

CM Adityanath Yogi Statement on Mafia/ Image Source : X Handle

HIGHLIGHTS
  • सीएम योगी ने है कि माफियाओं का सफाया करना ही उनका सबसे प्रिय विषय है।
  • सीएम योगी के बयान को 2027 के चुनावी एजेंडे का ट्रेलर भी समझा जा रहा है।
  • विपक्ष इसे चुनावी नैरेटिव गढ़ने की कोशिश बता रहा है।

CM Adityanath Yogi Statement on Mafia: नई दिल्ली: माफिया.. एक ऐसा शब्द जिसने पिछले 9 सालों में यूपी की राजनीति की दिशा भी तय की और दशा भी बदली। अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहली बार खुलकर कह दिया है कि माफियाओं का सफाया करना ही उनका सबसे प्रिय विषय है। डी-3 त्रिवेणी कार्यक्रम में जेवर एयरपोर्ट का जिक्र करते हुए योगी ने बताया कि कभी वहां जमीनों पर माफियाओं का कब्जा था, लेकिन उनकी सरकार ने उस कब्जे को खत्म कर विकास का रास्ता खोल दिया। योगी का ये बयान सिर्फ एक टिप्पणी नहीं माना जा रहा। बल्कि इसे 2027 के चुनावी एजेंडे का ट्रेलर भी समझा जा रहा है।

दरअसल, मुख्यमंत्री योगी की सबसे मजबूत राजनीतिक पहचान कानून-व्यवस्था और माफिया विरोधी कार्रवाई रही है। (CM Adityanath Yogi Statement on Mafia) बुलडोजर से लेकर गैंगस्टर एक्ट तक..सरकार लगातार दावा करती रही है कि उसने अपराध और माफियातंत्र की कमर तोड़ दी है। इससे पहले भी सीएम योगी के माफिया को मच्छर की तरह मसलने की बात कही थी।

अब जब खुद मुख्यमंत्री इसे अपना प्रिय विषय बता रहे हैं, तो राजनीतिक जानकार मान रहे हैं कि 2027 में बीजेपी एक बार फिर कानून-व्यवस्था बनाम गुंडाराज की लड़ाई को चुनावी मुद्दा बना सकती है। (CM Adityanath Yogi Statement on Mafia)  हालांकि विपक्ष इसे चुनावी नैरेटिव गढ़ने की कोशिश बता रहा है।

राजनीति में एजेंडा शब्दों से नहीं, समय से समझा जाता है और योगी आदित्यनाथ ने जिस वक्त माफिया को अपना सबसे प्रिय विषय बताया है, उससे एक बात तो साफ है कि, 2027 की चुनावी जंग में विकास के दावों के साथ-साथ माफिया मुक्त यूपी का मुद्दा फोकस में रहेगा।

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