दिल्ली: एनआईए की अदालत ने पीएफआई नेताओं के खिलाफ आरोप तय किए

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दिल्ली: एनआईए की अदालत ने पीएफआई नेताओं के खिलाफ आरोप तय किए

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  • Publish Date - July 11, 2026 / 07:45 PM IST,
    Updated On - July 11, 2026 / 07:45 PM IST

नयी दिल्ली, 11 जुलाई (भाषा) राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की एक अदालत ने प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के कई नेताओं पर आरोप तय किए।

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने पीएफआई के 20 सदस्यों और संगठन के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और गैर-कानूनी गतिविधियां निवारण अधिनियम (यूएपीए) के तहत शुक्रवार को आरोप तय किए।

आरोपियों में पीएफआई के अध्यक्ष ओ.एम.ए. सलाम, उपाध्यक्ष ई.एम. अब्दुल रहीमन, महासचिव अनीस अहमद, सचिव अफसर पाशा और संस्थापक अध्यक्ष ई. अबुबकर शामिल हैं।

सभी आरोपियों ने आरोप स्वीकार नहीं किए हैं।

मुकदमे की सुनवाई 29 जुलाई को शुरू होगी, इसी दिन अभियोजन पक्ष सबूत दाखिल करेगा।

पांच जून को अदालत ने उनके खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया था।

मामला अप्रैल 2022 में एनआईए द्वारा दर्ज प्राथमिकी से जुड़ा है।

इसके बाद एजेंसी ने पीएफआई और 26 आरोपियों के खिलाफ अंतिम रिपोर्ट तथा पूरक आरोप पत्र दायर किया था।

अदालत ने मार्च और अप्रैल 2023 में आरोप पत्रों पर संज्ञान लिया था।

सितंबर 2022 में केंद्र सरकार ने आईएसआईएस जैसे वैश्विक आतंकी संगठनों से जुड़ाव रखने के लिए यूएपीए के तहत पीएफआई और इसके सहयोगियों पर प्रतिबंध लगा दिया था।

भाषा जोहेब जितेंद्र

जितेंद्र