LPG Gas Refilling Rules: उज्जवला कनेक्शन धारकों के लिए जरूरी खबर, अब इतने दिन बाद ही भरवा सकेंगे सिलेंडर, इस वजह से सरकार ने लिया बड़ा फैसला

उज्जवला कनेक्शन धारकों के लिए जरूरी खबर, अब इतने दिन बाद ही भरवा सकेंगे सिलेंडर, Govt Changes LPG Gas Refilling Rules For Rural Area

LPG Gas Refilling Rules: उज्जवला कनेक्शन धारकों के लिए जरूरी खबर, अब इतने दिन बाद ही भरवा सकेंगे सिलेंडर, इस वजह से सरकार ने लिया बड़ा फैसला
Modified Date: March 12, 2026 / 04:11 pm IST
Published Date: March 12, 2026 3:51 pm IST
HIGHLIGHTS
  • ग्रामीण इलाकों में एलपीजी सिलेंडर की अगली बुकिंग का अंतराल बढ़ाकर 45 दिन किया गया।
  • शहरी क्षेत्रों में फिलहाल 25 दिन बाद ही नई बुकिंग की जा सकेगी।
  • सरकार ने कहा- देश में पर्याप्त गैस भंडार, घबराकर सिलेंडर बुक करने की जरूरत नहीं।

नई दिल्ली। LPG Gas Refilling Rules Change ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच बढ़ते तनाव और मध्य एशिया में जारी संघर्ष का असर अब ऊर्जा आपूर्ति पर भी दिखने लगा है। भारत में एलपीजी सिलेंडर को लेकर कुछ जगह अव्यवस्था की खबरों के बीच सरकार ने बुकिंग नियमों में बदलाव किया है। कहा जा रहा है कि ग्रामीण इलाकों में अब एलपीजी सिलेंडर की अगली बुकिंग 45 दिन बाद ही की जा सकेगी, जबकि शहरी क्षेत्रों में बुकिंग का अंतराल फिलहाल 25 दिन रखा गया है।

LPG Gas Refilling Rules Change सूत्रों के अनुसार गैस की कमी से जुड़ी अफवाहों के चलते लोग सामान्य से अधिक तेजी से सिलेंडर बुक करा रहे थे। कई उपभोक्ता 55 दिनों की जगह केवल 15 दिनों के भीतर ही दोबारा बुकिंग कर रहे थे, जिससे वितरण प्रणाली पर दबाव बढ़ने लगा था। इसी स्थिति को देखते हुए सरकार ने यह कदम उठाया है। इससे दो दिन पहले केंद्र सरकार ने जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के उद्देश्य से शहरी इलाकों में एलपीजी सिलेंडर बुकिंग का अंतराल 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन किया था।

मंत्रालय की ओर से आया ये बयान (LPG Gas Refilling Rules Change)

दरअसल मध्य एशिया में चल रहे युद्ध और होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने से एलपीजी आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि देश में घरेलू रसोई गैस की जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। मंत्रालय ने लोगों से घबराहट में आकर सिलेंडर बुक न करने की अपील की है। मंत्रालय के अनुसार घरेलू रिफाइनरी कंपनियों ने एलपीजी उत्पादन में करीब 25 प्रतिशत तक वृद्धि की है। साथ ही होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते आपूर्ति प्रभावित होने के बाद भारत ने कच्चे तेल और गैस के लिए वैकल्पिक स्रोतों से आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में भी कदम उठाए हैं।

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