नयी दिल्ली, 26 मई (भाषा) पूर्व उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने मंगलवार को नरेन्द्र मोदी को भारत का ‘सबसे लोकप्रिय’ प्रधानमंत्री बताया और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान की पुस्तक ‘अपनापन’ के विमोचन के अवसर पर उनके राजनीतिक सफर की सराहना की।
चौहान की पुस्तक के विमोचन के अवसर पर नायडू ने केंद्रीय कृषि मंत्री को जमीनी स्तर का नेता बताया जो मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में अपने 17 वर्षों के कार्यकाल के दौरान ‘बेदाग’ रहे। इस पुस्तक में चौहान ने मोदी के साथ अपने लंबे संबंधों का वर्णन किया है।
चौहान को कृषि मंत्री नियुक्त करने के मोदी के निर्णय की प्रशंसा करते हुए नायडू ने कहा कि चौहान में ‘देश के लिए दूरदृष्टि और जुनून’ है।
उन्होंने कहा, ‘‘ दिलचस्प बात यह है कि शिवराज का मोदी के साथ जुड़ाव उस समय से शुरू हुआ जब वे बीजेवाईएम (भाजपा की युवा शाखा भारतीय जनता युवा मोर्चा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे और मोदी राष्ट्रीय प्रभारी थे… वह मंत्रिमंडल सहयोगी के रूप में उनके साथ काम कर रहे हैं।’’
चौहान के मध्य प्रदेश में कार्यकाल का जिक्र करते हुए नायडू ने उन्हें मुख्यमंत्री नियुक्त करने को लेकर भाजपा के आंतरिक विचार-विमर्श को याद किया और कहा कि भाजपा नेता सुषमा स्वराज ने शुरू में टिप्पणी की थी कि राज्य के वरिष्ठ नेता उन्हें ‘खा जाएंगे’।
उन्होंने कहा, ‘लेकिन यह फैसला सही साबित हुआ,’ साथ ही यह भी कहा कि चौहान देश के सबसे लोकप्रिय मुख्यमंत्रियों में से एक बनकर उभरे।
मोदी के बारे में नायडू ने कहा कि उन्होंने एक बार अपने नाम का अर्थ ‘विकासशील भारत का निर्माण’ बताया था।
उन्होंने प्रधानमंत्री को पद्म पुरस्कारों को एक ऐसी प्रणाली में बदलने का श्रेय दिया जो ‘अनाम लोगों को मान्यता’ देने का प्रयास करती है, जिसमें किसान और जमीनी स्तर पर सेवा में लगे आम नागरिक शामिल हैं, न कि केवल डॉक्टर और अभिनेता।
इस कार्यक्रम में पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवेगौड़ा भी उपस्थित थे, जिन्होंने चौहान की किसान-केंद्रित राजनीति, प्रशासनिक शैली और मोदी के साथ उनके लंबे जुड़ाव को रेखांकित किया।
नायडू ने कहा कि मंच पर उपस्थित तीनों नेता, गौड़ा, चौहान और वह स्वयं, ‘किसानों के पुत्र’ हैं और उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कृषि को केवल एक पेशा नहीं बल्कि एक ‘मिशन’ के रूप में लिया जाना चाहिए।
युवा राजनेताओं से चौहान के जीवन और कार्यों का अध्ययन करने का आह्वान करते हुए नायडू ने कहा कि ‘अपनापन’ का कई भारतीय भाषाओं में अनुवाद किया जाना चाहिए।
अपने संबोधन में गौड़ा ने भी मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा की और कहा कि वह ‘एकमात्र नेता’ हैं जो देश को आगे ले जाने में सक्षम है। साथ ही उन्होंने कृषि और ग्रामीण विकास पर सरकार के दृष्टिकोण को भी उजागर किया।
गौड़ा ने कहा कि मोदी और चौहान दोनों ही जमीनी स्तर से ऊपर उठे हैं और उन्होंने किसानों और ग्रामीण समुदायों की स्थिति में सुधार के लिए मिलकर काम किया है।
भाषा शोभना नरेश
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