E20 Petrol Engine Damage Reality MythE20 Petrol Engine Damage Reality Myth / Image Source :X
नई दिल्ली : E20 Petrol Engine Damage Reality Myth : वाहनों में पेट्रोल के साथ इथेनॉल मिलाने (E20 पेट्रोल) को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही बहस के बीच केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी का बड़ा बयान सामने आया है। ‘इंडियन एक्सप्रेस’ से बातचीत में उन्होंने साफ किया कि सोशल मीडिया पर E20 पेट्रोल से गाड़ियां खराब होने के दावों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है और यह एक सुनियोजित दुष्प्रचार है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि देश में इसे सभी जरूरी वैज्ञानिक परीक्षणों और वाहन कंपनियों की मंजूरी के बाद ही लागू किया गया है।
माइलेज और इंजन की खराबी के दावों पर बात करते हुए नितिन गडकरी ने माना कि इथेनॉल और पेट्रोल की ऊर्जा क्षमता में अंतर होने से माइलेज में बेहद मामूली फर्क आ सकता है, लेकिन यह ज्यादातर ड्राइविंग परिस्थितियों पर निर्भर करता है। उन्होंने कहा कि इंजन खराब होने की जांच में ई20 पेट्रोल नहीं बल्कि मिलावटी ईंधन जिम्मेदार पाया गया है।
पुराने वाहनों की सुरक्षा के लिए कंपनियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे सर्विस के दौरान कुछ पुर्जे बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के बदल दें। Flex Fuel Vehicles India Mileage Drop उन्होंने ब्राजील का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां सालों से 27 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रण वाली गाड़ियां बिना किसी परेशानी के चल रही हैं और अब भारत में भी टाटा, मारुति, महिंद्रा जैसी एक दर्जन कंपनियां अपने नए फ्लेक्स-फ्यूल मॉडल लाने की तैयारी में हैं।