जयपुर, 19 मई (भाषा) राजस्थान विधानसभा अपने 75वें स्थापना दिवस समारोह के लिए तैयार है। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मंगलवार को घोषणा की कि वर्षभर चलने वाले समारोहों के तहत चार प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
देवनानी ने कहा कि ये समारोह विधायिका को समर्पित होंगे और लोकतंत्र के विकास को परंपरा, अनुभव, नवाचार, महिलाओं एवं युवाओं की भागीदारी के माध्यम से प्रदर्शित करेंगे।
‘अमृत महोत्सव’ के तहत आयोजित होने वाले कार्यक्रम भव्य और ऐतिहासिक महत्व के होंगे। इसमें राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और लोकसभा अध्यक्ष को आमंत्रित करने का प्रस्ताव है।
यह निर्णय मंगलवार को विधानसभा में आयोजित राष्ट्रमंडल संसदीय संघ (राजस्थान चैप्टर) की कार्यकारी समिति की बैठक में लिया गया।
अधिकारियों के अनुसार, पहला कार्यक्रम जुलाई में होगा, जिसमें पहली से लेकर 16वीं विधानसभा तक के पूर्व और वर्तमान विधायकों का सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें प्रमुख कानूनों, संसदीय परंपराओं और लोकतंत्र की यात्रा की समीक्षा होगी।
दूसरा कार्यक्रम अक्टूबर में होगा, जिसमें देशभर की महिला विधायकों की भागीदारी रहेगी। इसमें शासन, नीति-निर्माण और प्रशासन में उनकी भूमिका, अनुभव और आकांक्षाओं पर चर्चा होगी।
जनता, विशेषकर युवाओं को लोकतांत्रिक मूल्यों से जोड़ने के लिए जनवरी में एक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसमें स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों से चयनित छात्र संविधान जागरूकता प्रतियोगिताओं के बाद युवा संसद में भाग लेंगे।
वर्षभर चलने वाले समारोहों का समापन 2027 में राजस्थान दिवस पर प्रस्तावित अखिल भारतीय विधायी सम्मेलन से होगा। इसमें विधानसभा अध्यक्ष और अधिकारी शामिल होंगे।
बैठक में संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल, नेता प्रतिपक्ष टीका राम जूली और अन्य सदस्य उपस्थित थे।
भाषा बाकोलिया राजकुमार
राजकुमार