नयी दिल्ली, 12 अगस्त (भाषा) सरकार ने बुधवार को राज्यसभा को बताया कि केंद्र ने जनगणना कर्मियों के प्रशिक्षण, तकनीकी बुनियादी ढांचे और मानदेय के लिए राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को 4,102 करोड़ रुपये जारी किए हैं।
गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने एक सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जनगणना 2027 का पहला चरण – मकान सूचीकरण और घरों की गणना – 31 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में पहले ही पूरा हो चुका है।
उन्होंने कहा कि शेष राज्यों में जनगणना का पहला चरण सितंबर 2026 तक पूरा हो जाने की संभावना है।
राय ने कहा कि जनगणना का दूसरा चरण यानी आबादी की गणना केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख और जम्मू-कश्मीर के अलावा हिमाचल प्रदेश तथा उत्तराखंड के बर्फीले क्षेत्रों में एक सितंबर से 30 सितंबर 2026 तक चलेगा। उसके बाद एक से पांच अक्टूबर 2026 तक संशोधन दौर चलाया जाएगा।
उन्होंने कहा, ‘‘अब तक, जनगणना कर्मियों के प्रशिक्षण, मानव संसाधन सहायता, तकनीकी बुनियादी ढांचे, जनगणना कर्मियों को मानदेय के भुगतान आदि के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को कुल 4,102 करोड़ रुपये की राशि जारी की जा चुकी है।’’
मंत्री ने कहा कि जनगणना में पहली बार उत्तरदाताओं को एक पोर्टल के माध्यम से स्वयं-गणना की सुविधा दी गई है। जनगणना के दूसरे चरण के लिए भी डिजिटल उपकरण विकसित कर लिए गए हैं।
भाषा अविनाश सुभाष
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