बिधूड़ी की टिप्पणी के समय पीठासीन सभापति रहे सुरेश ने उनके तत्काल निलंबन की मांग की

बिधूड़ी की टिप्पणी के समय पीठासीन सभापति रहे सुरेश ने उनके तत्काल निलंबन की मांग की

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  • Publish Date - September 23, 2023 / 10:30 PM IST,
    Updated On - September 23, 2023 / 10:30 PM IST

नयी दिल्ली, 23 सितंबर (भाषा) संसद के निचले सदन में कांग्रेस के मुख्य सचेतक कोडिकुनिल सुरेश ने शनिवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर आग्रह किया कि बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के सांसद दानिश अली के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल करने के लिए भारतीय जनता पार्टी के सदस्य रमेश बिधूड़ी को तत्काल निलंबित किया जाए।

उन्होंने पत्र में यह भी कहा कि बिधूड़ी ने दानिश अली के खिलाफ ‘‘घटिया और सांप्रदायिक’’ टिप्पणी करके सदन को ‘शर्मसार’ किया है।

‘चंद्रयान-3 की सफलता और अंतरिक्ष क्षेत्र में भारत की उपलब्धियों’ पर लोकसभा में चर्चा के दौरान बृहस्पतिवार को जब बिधूड़ी ने आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया तो उस वक्त सुरेश ही पीठासीन सभापति की भूमिका निभा रहे थे। उन्होंने बिधूड़ी के शब्दों को तत्काल सदन की कार्यवाही से हटाने का निर्देश दिया था।

कांग्रेस नेता ने कहा कि वह घटना के समय सदन में शोर-शराबे और सदन में अनुवाद सेवाएं बहुत अच्छी नहीं होने की वजह से बिधूड़ी के शब्दों का सही अर्थ नहीं समझ सके, हालांकि उन्होंने सदस्यों के रुख को भांपते हुए विवादित टिप्पणियों को कार्यवाही से हटाने का निर्देश दिया।

सुरेश केरल से ताल्लुक रखते हैं।

सुरेश ने कहा, ‘‘एक सांसद का हमारे लोकतंत्र के पवित्र सदन में नफरत फैलाने वाले की तरह व्यवहार करने को कभी बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। इस मामले को विशेषाधिकार समिति को भेजा जाना चाहिए ताकि अली को न्याय मिल सके।’’

सुरेश ने कहा, ‘‘मैं यह पत्र आपसे तत्काल कार्रवाई करने का अनुरोध करने के लिए लिख रहा हूं। जब से मैंने लोकसभा में सभापतियों के पैनल में होने की जिम्मेदारी संभाली है, यह भावना सुनिश्चित करना मेरा प्रयास रहा है कि संविधान और पवित्र सदन के मूल्यों को बनाया रखा जाए।’’

उन्होंने कहा कि बिधूड़ी को सदन से तत्काल निलंबित किया जाना चाहिए।

भाषा हक माधव शफीक

शफीक