पन्ना/धार (मध्यप्रदेश), 26 मार्च (भाषा) रेलवे ने पूर्ण सेवा शुरू होने से पहले मध्यप्रदेश के पन्ना और धार को जोड़ने वाले रेल मार्ग पर ट्रेनों का परीक्षण परिचालन किया। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि सोमवार को धार में और मंगलवार को पन्ना में आयोजित परीक्षण परिचालन से क्षेत्र में एक खुशी की लहर दौड़ गई, लोगों ने इस दौरान मार्ग पर कतार में खड़े होकर और तालियां बजाकर ट्रेनों का स्वागत किया तथा स्टेशनों पर पहुंचने के साथ ही इंजन पर फूल बरसाकर अपनी खुशी का इजहार किया।
पन्ना जिले के नागौद और फुलवारी के बीच परीक्षण परिचालन रेलवे सुरक्षा आयुक्त की उपस्थिति में आयोजित किया गया।
अधिकारी ने कहा कि 74 किलोमीटर लंबी सतना-पन्ना रेलवे लाइन पन्ना के लिए ‘गेम चेंजर’ साबित होगी। उन्होंने कहा कि यह महत्वाकांक्षी ललितपुर-सिंगरौली लाइन का हिस्सा है, जो व्यापार, पर्यटन और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगी।
पश्चिम मध्य रेलवे (डब्ल्यूसीआर) के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हर्षित श्रीवास्तव ने कहा कि परीक्षण के बारे में रेलवे सुरक्षा आयुक्त की रिपोर्ट आने की उम्मीद है।
डब्ल्यूसीआर के कार्यकारी अभियंता पी के सिंह ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि परीक्षण डीजल इंजन से किया गया लेकिन भविष्य में ट्रैक का विद्युतीकरण किया जाएगा।
धार में भी इसी तरह के खुशी के नजारे देखने को मिले।
केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर, पूर्व केंद्रीय मंत्री विक्रम वर्मा, धार विधायक नीना वर्मा और भाजपा नेता महंत नीलेश भारती ने पीथमपुर से धार तक ट्रेन के इंजन से यात्रा की। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया।
ठाकुर ने पत्रकारों से कहा, ‘‘धार जिले में लंबे समय से चली आ रही मांग अब पूरी हो जाएगी। आज लोगों के सपने सच हो गए हैं। हमारे आदिवासी क्षेत्र में यह पहली ट्रेन है।’’
रेल लाओ महा समिति के अध्यक्ष पवन जैन गंगवाल ने ट्रेन के इंजन का फूलों से स्वागत किया और आतिशबाजी भी की। उन्होंने कहा कि लोग खुशी से झूम रहे हैं।
एक अधिकारी ने बताया कि 2008 में मंजूर इंदौर-दाहोद रेल परियोजना तेजी से आगे बढ़ रही है और पीथमपुर-धार का परीक्षण परिचालन इस महत्वपूर्ण कार्य का हिस्सा था।
उन्होंने बताया कि पीथमपुर से सागर होते हुए 38 किलोमीटर दूर धार तक रेलवे का इंजन पहुंचा।
हालांकि, लोगों ने कहा कि इस क्षेत्र के लिए अधिक लाभ के लिए मार्ग को अंततः मुंबई से जोड़ा जाना चाहिए।
भाषा सं ब्रजेन्द्र राजकुमार
राजकुमार