MP SIR News: भोपाल: मध्यप्रदेश में चुनावी तैयारी के दौरान एक महत्वपूर्ण कार्रवाई सामने आई है। भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने एसआईआर विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में लापरवाही करने वाले बीएलओ (ब्लॉक लेवल ऑफिसर) पर कड़ी कार्रवाई की है। देर रात कलेक्टर ने बीएलओ और बीयू के सहायक ग्रेड 3 प्रशांत दुबे को बर्खास्त कर दिया। यह कार्रवाई विशेष रूप से उनकी ड्यूटी में गैरहाजिरी के कारण की गई।
जानकारी के अनुसार, प्रशांत दुबे की ड्यूटी गोविंदपुरा के पोलिंग बूथ क्रमांक 250 में लगाई गई थी, लेकिन वे निर्धारित समय पर एसआईआर सर्वे की ड्यूटी में उपस्थित नहीं हुए। एसआईआर सर्वे की ड्यूटी में गैरहाजिरी को प्रशासन ने गंभीर मामला माना और तुरंत कठोर कार्रवाई की। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने स्पष्ट किया कि चुनावी तैयारियों में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
MP SIR News: कलेक्टर के इस कड़े कदम से चुनावी तैयारी में अनुशासन कायम रखने का संदेश भी गया है। प्रशासन ने यह भी बताया कि एसआईआर सर्वे में हर अधिकारी और कर्मचारी की ड्यूटी सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है, ताकि चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और समयबद्ध तरीके से संपन्न हो सके।
MP SIR News: मध्यप्रदेश में चुनावी तैयारियों के तहत स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) शुरू हो चुकी है। यह कदम बिहार की तर्ज पर राज्य की मतदाता सूची को और अधिक सटीक और अपडेट करने के लिए उठाया गया है। चुनाव आयोग के निर्देश पर प्रदेश के सभी 65,000 बूथ लेवल ऑफिसर (BLOs) को आवश्यक ट्रेनिंग दी जा चुकी है। अब ये BLO घर-घर जाकर मतदाताओं को आयोग द्वारा जारी किए गए फॉर्म देंगे और वर्ष 2003 के SIR के आधार पर मतदाताओं से जानकारी एकत्र करेंगे।
इस विशेष अभियान के माध्यम से प्रदेश की 230 विधानसभा सीटों के हर बूथ के हर वोटर की जानकारी फिर से सत्यापित की जाएगी। चुनाव आयोग के निर्देशों के बाद मध्यप्रदेश में मतदाता सूची को 27 अक्टूबर से फ्रीज किया गया है। इसके साथ ही कलेक्टरों, संभागायुक्तों, सुपरवाइजर और BLOs को प्रशिक्षण देकर उन्हें चुनाव आयोग की गाइडलाइन समझाई गई। अब प्रत्येक BLO घर-घर जाकर आधा भरा और आधा खाली फॉर्म बांटेगा, जिसमें मतदाता अपनी व्यक्तिगत जानकारी और किसी भी रिक्त जानकारी को भरेंगे।
MP SIR News: BLOs को प्रत्येक घर तीन बार जाने का निर्देश दिया गया है। यदि कोई मतदाता संदिग्ध पाया जाता है, तो उससे आवश्यक दस्तावेज मांगे जाएंगे ताकि डेटा पूरी तरह सत्यापित किया जा सके। इस प्रक्रिया का उद्देश्य मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की त्रुटि, डुप्लीकेट या मिसिंग जानकारी को दूर करना है और सूची को पूरी तरह से भरोसेमंद बनाना है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजय झा ने कलेक्टरों को निर्देश दिए हैं कि वोटर वेरिफिकेशन के काम को पूरी गंभीरता से किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि कलेक्टर स्वयं इस प्रक्रिया की निगरानी करें और सुनिश्चित करें कि हर BLO अपने जिम्मेदारी निभा रहा है। यह कदम चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी, निष्पक्ष और सटीक बनाने के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
MP SIR News: चुनाव अधिकारियों का कहना है कि इस SIR के जरिए मतदाता सूची में अपडेट, नाम हटाना या जोड़ना, गलत जानकारी सुधारना और नए मतदाताओं को सूची में जोड़ना सुनिश्चित होगा। BLOs को निर्देश दिए गए हैं कि वे मतदाताओं से पूरी जानकारी लें, फॉर्म सही तरीके से भरें और किसी भी त्रुटि को तत्काल सुधारें।
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