Jabalpur Kavita Nagarjun Case: मध्यप्रदेश में दहेज प्रताड़ना से एक और मौत? शादी के महज 3 महीने बाद इस हाल में मिली एडवोकेट कविता, करोड़ों की संपत्ति और सोना देने के बाद भी नहीं थमी मांगें!

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Jabalpur Kavita Nagarjun Case: जबलपुर में दहेज प्रताड़ना और संदिग्ध परिस्थितियों में हुई एक नवविवाहिता की मौत का मामला सामने आया है, जिसने एक बार फिर प्रदेश में बेटियों की सुरक्षा और दहेज उत्पीड़न को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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HIGHLIGHTS
  • शादी के तीन माह में मौत
  • पति पर दहेज हत्या का आरोप
  • पिता ने अदालत में लगाई याचिका

Jabalpur Kavita Nagarjun Case: जबलपुर: जबलपुर में दहेज प्रताड़ना और संदिग्ध परिस्थितियों में हुई एक नवविवाहिता की मौत का मामला सामने आया है, जिसने एक बार फिर प्रदेश में बेटियों की सुरक्षा और दहेज उत्पीड़न को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। 33 वर्षीय एडवोकेट कविता नागार्जुन की शादी के महज तीन महीने बाद मौत हो गई। कविता के पिता पी. दक्षिणामूर्ति ने जिला अदालत में याचिका दायर कर आरोप लगाया है कि उनकी बेटी की मौत कोई सामान्य हादसा नहीं, बल्कि दहेज प्रताड़ना का नतीजा है। उन्होंने कविता के पति मेजर ओम नागार्जुन और ससुराल पक्ष के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है।

Jabalpur  News: परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप

कविता के पिता का आरोप है कि शादी के समय 100 तोला सोना और करीब 3 करोड़ रुपये की संपत्ति एवं उपहार दिए गए थे, लेकिन इसके बावजूद ससुराल पक्ष की मांगें खत्म नहीं हुईं। परिवार का दावा है कि शादी के बाद अतिरिक्त 2 करोड़ रुपये की मांग की जाने लगी और इसी को लेकर कविता को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। याचिका में यह भी आरोप लगाया गया है कि पति के अन्य महिलाओं से संबंध थे और शादी के कुछ ही महीनों में उसने इंदौर की एक युवती से करीब 100 घंटे बातचीत की थी। परिवार का कहना है कि लगातार प्रताड़ना और तनाव के कारण कविता की जिंदगी प्रभावित हो रही थी।

9 जून की रात कविता की मौत हो गई

9 जून 2025 की रात कविता की मौत हो गई। ससुराल पक्ष ने बाथरूम में गिरने और हार्ट फेल होने को मौत का कारण बताया, लेकिन परिजनों ने इस दावे पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि घटना के लगभग तीन घंटे बाद कविता को अस्पताल ले जाया गया, जिससे पूरे घटनाक्रम पर संदेह पैदा होता है। परिवार का आरोप है कि पुलिस ने उनकी शिकायत पर एफआईआर दर्ज नहीं की, जिसके बाद उन्हें अदालत का रुख करना पड़ा। अब जिला अदालत में दायर याचिका के जरिए पुलिस की कार्रवाई को भी चुनौती दी गई है और निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।

त्विषा शर्मा केस पहले से चर्चा में

कविता नागार्जुन का मामला ऐसे समय सामने आया है जब प्रदेश में त्विषा शर्मा केस पहले से चर्चा में है। 33 वर्षीय त्विषा शर्मा का शव 12 मई 2026 की रात भोपाल के कटारा हिल्स स्थित ससुराल में मिला था। नोएडा निवासी त्विषा की शादी दिसंबर 2025 में भोपाल के वकील समर्थ सिंह से हुई थी। उनके परिजनों ने पति और सास पर दहेज प्रताड़ना, मानसिक उत्पीड़न और सबूतों से छेड़छाड़ के आरोप लगाए हैं। मामले ने इतना तूल पकड़ा कि राज्य सरकार ने जांच सीबीआई को सौंप दी और एजेंसी ने अपनी एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी।

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कविता नागार्जुन कौन थीं?

. पेशे से एक एडवोकेट थीं।

मौत कब हुई थी?

9 जून 2025 की रात।

परिवार ने क्या आरोप लगाए?

दहेज प्रताड़ना और हत्या आरोप।